भोपाल. जंगल महकमे के मुखिया आरके गुप्ता शुक्रवार को आक्रमक मूड में नजर आए. कार्यों में लेतलाली, बजट को व्यय करने और अपने उत्तरदायित्व के प्रति उदासीनता बरतने पर वन बल प्रमुख गुप्ता ने मैदानी अफसरों की जमकर क्लास ली. क्लास लेने वाले अकेले गुप्ता नहीं थे, बल्कि लघु वनोपज संघ के एमडी पुष्कर सिंह, पीसीसीएफ कैंपा सुनील अग्रवाल, विजिलेंस की मुखिया समिता राजौरा और बांस मिशन के सीईओ यूके सुबुद्धि ने भी मैदानी अफसरों को फटकार लगाई. समय पर भोपाल वर्किंग प्लान जमा नहीं करने पर सीसीएफ शहडोल पीके वर्मा की ओर मुखातिब होते हुए विभाग के मुखिया गुप्ता ने कहा कि या लज्जा जनक है.

लंबे अरसे बाद वन बल प्रमुख आरके गुप्ता ने विभाग के शीर्ष अधिकारियों के साथ संयुक्त वीसी (वीडियो कांफ्रेंसिंग) की. वीडियो कांफ्रेंसिंग के दौरान भोपाल डीएफओ आलोक पाठक ने भोपाल वर्किंग प्लांट का मुद्दा उठाया. पाठक ने अपने मुखिया का ध्यान आकृष्ट कराया कि वर्किंग प्लान सबमिट ना होने के कारण प्लांटेशन और कुपो की कटाई कार प्रभावित हो रहा है. इस मुद्दे पर वन बल प्रमुख गुप्ता ने सीसीएफ शहडोल पीके वर्मा से जवाब मांगा तो वे अपने सफाई मैं जानकारी दी की दो किताबें समेट कर दी गई. उनकी सफाई पर नाराजगी व्यक्त करते हुए गुप्ता ने कहा कि यह घोर लज्जा जनक है. इसी वीसी में उपस्थित अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक (विकास) चितरंजन त्यागी ने उत्तर पन्ना में काम नहीं होने का मुद्दा उठाया तो डीएफओ के जवाब में उनका कार्यालय ही संदेह के घेरे में आ गया. उत्तर पन्ना डीएफओ ने दो टूक शब्दों में कहा कि आपके यहां से बजट ही लेट मिला. यह उत्तर सुनकर वह चुप बैठ गए.

सीसीएफ इंदौर और खंडवा को लगी फटकार
लघु वनोपज संघ के एमडी पुष्कर सिंह ने अनुभूति कार्यक्रम आयोजित करने में लेतलाली करने के लिए इंदौर सीसीएफ को फटकार लगाई. इसके बाद किसानों के खेतों में बांस लगाने के मुद्दे पर जब बांस मिशन के सीईओ यूके सुबुद्धि ने सवाल किया तब सीसीएफ के जवाब पर वन बल प्रमुख ने नाराजगी जताई. सीसीएफ इंदौर में जवाब दिया था कि डीएफओ से पूछ ले. विभाग के मुखिया ने उनसे कहा कि आप समीक्षा कीजिए. बांस मिशन के काम में पिछड़ने की वजह से मुख्य वन संरक्षक खंडवा की भी क्लास लगाई गई.

मुरैना डीएफओ रहे लापता..
विभाग की मुखिया की वीडियो कांफ्रेंसिंग में मुरैना डीएफओ निकम लापता रहे. विभाग के मुखिया गुप्ता ने मुरैना की प्रगति को लेकर असंतोष व्यक्त करते हुए सवाल किया तो सीसीएफ ग्वालियर शशि मलिक ने जवाब दिया कि मुरैना डीएफओ को सुबह ही वीसी में उपस्थित रहने के लिए कहा था. वे उपस्थित क्यों नहीं हुए यह पता नहीं है? यह मुझे नहीं पता. सीसीएफ ग्वालियर के इस जवाब पर विभाग के मुखिया ने नाराजगी जताई कि आप सीसीएफ और पता नहीं है. यह ठीक नहीं है.

ऐसे अफसरों के एसीआर में दर्ज करें
विभाग के मुखिया आरके गुप्ता शांत स्वभाव के माने जाते हैं. पहली बार उनकी आक्रामकता शुक्रवार को वीसी में दिखाई दी. गुप्ता ने डीएफओ और सीएफ को दिए गए लक्ष्य और बजट केले में लापरवाही बरतने पर नाराजगी जताते हुए कहा कि पुअर परफारमेंस करने वाले अफसरों के एसीआर में इसे दर्ज किया जाए. यहां यह उल्लेखनीय है कि धार, झाबुआ, अलीराजपुर, सिंगरौली, सीधी, रीवा, छिंदवाड़ा पूर्व, छिंदवाड़ा दक्षिण, सागर दक्षिण और दमोह वन मंडलों के डीएफओ ने आवंटित बजट का 20 परसेंट भी उपयोग नहीं कर सके. इसके अलावा  शहडोल कमिश्नर के पत्र से हटाए गए डीएफओ अधर गुप्ता कार्यशैली पर भी विभाग के मुखिया ने नाराजगी जताई. गुप्ता इन दिनों नेशनल पार्क में डिप्टी डायरेक्टर के पद पर पदस्थ है.