भोपाल: जंगल महकमे के मैदानी अफसरों की कार्यशैली को लेकर फटकार पड़ी. वन बल प्रमुख आरके गुप्ता में मुरैना डीएफओ स्वरूप दीक्षित के प्रति नाराजगी जताते हुए कहा कि पिछले डीएफओ जिस काम को जहां छोड़ गए थे आप वहीं खड़े हो. कुछ बेहतर करके दिखाओ. मुरैना डीएफओ महीने भर में चार परसेंट बजट ही खर्च कर पाए हैं. कमोबेश यही स्थिति अशोकनगर डीएफओ की भी है.
वन बल प्रमुख आरके गुप्ता ने शुक्रवार को, लघु वनोपज संघ के एमडी पुष्कर सिंह, कैंपा पीसीसीएफ और एपीसीसीएफ स्तर के अधिकारियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग की. इस वीसी में मुरैना डीएफओ के अलावा सीसीएफ खंडवा, डीएफओ अशोकनगर, उज्जैन डीएफओ सहित आधा दर्जन मैदानी अफसरों की मुख्यालय के सीनियर अफसरों ने जमकर क्लास ली. राजसत की गई गाड़ियों की नीलामी नहीं किए जाने पर खंडवा सीसीएफ महेंद्र सिंह सिसोदिया को फटकार लगी.
इसी प्रकार वीसी में रीवा में पदस्थ राजेश राय की गैरहाजिरी पर सीसीएफ रीवा क्लास ली गई. वर्किंग प्लान बनाने में लेतलाली करने पर टीएस सुलिया और प्रफुल्ल फुलजले भी नाराजगी के शिकार बने. सुलिया से सवाल किया गया है कि आपका वर्किंग प्लान कितने साल में पूरा होगा? वीसी में उपस्थित शिकायत एवं सतर्कता एपीसीसीएफ समिता राजौरा ने शिकायतों का निराकरण में लापरवाही करने वाले अफसरों की क्लास ली. साथ ही बेहतर परफॉर्मेंस करने वाले की तारीफ की. वीसी में बैठे एपीसीसीएफ संरक्षण अजीत श्रीवास्तव ने अग्नि सुरक्षा के बारे में रोचक जानकारियां दी. जबकि लघु वनोपज संघ के प्रबंध संचालक पुष्कर सिंह ने महुआ के लिए कोल्ड स्टोरेज बनाने पर सिंगरौली डीएफओ की तारीफ की.