संजय गांधी ताप विद्युत गृह की बंद पड़ी इकाइयों में बिजली उत्पादन शुरू लंबे समय के बाद यूनिट की सभी इकाइयां चालू हो गईं। इसमें पांच नंबर की 500 मेगावाट की इकाई भी शामिल है जो पिछले 24 दिनों से बंद है। साथ ही 210 मेगावाट की इकाई में तकनीकी खामी भी सामने आई है।
रवि सीजन के दौरान यह पहला मौका है जब संजय गांधी थर्मल पावर स्टेशन 1340 मेगावाट की कुल क्षमता में से 935 मेगावाट बिजली पैदा कर रहा है। इसे चालू करने के कुछ दिनों के भीतर ही समस्या उत्पन्न हो गई। जिसके चलते यह यूनिट 24 दिनों तक बंद रही।
वार्षिक रखरखाव के बावजूद विफलता
एमपी पावर जनरेशन कंपनी के संजय गांधी थर्मल पावर हाउस में वार्षिक रखरखाव के बाद बिजली आपूर्ति बाधित है। पहले 68 दिन वार्षिक रखरखाव के लिए बंद किए गए थे। यह यूनिट 20 अक्टूबर से बंद है। यूनिट के टर्बाइन में एक अप्रत्याशित कंपन हुआ जिससे वह बंद हो गया।
फिलहाल बीएचईएल हरिद्वार के विशेषज्ञ यूनिट में आई खराबी की जांच में लगे हैं। आमतौर पर इसकी कीमत 70 लाख रुपये थी। इस बार मेंटेनेंस पर करीब 4 करोड़ रुपये खर्च किए गए। अब चार दिन पहले 210 मेगावाट की एक इकाई चालू की गई है। मेंटेनेंस के नाम पर यूनिट को 52 दिनों तक बंद रखा गया था।