कन्नौज में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की प्रेसवार्ता आयोजित हुई, अपनी इस प्रेसवार्ता में अखिलेश यादव ने कहा कि, यह प्रेस पहले से ही तय थी और इसलिए आप लोगों से मैं बातचीत करना चाहता था, क्योंकि इधर लगातार पिछले कई दिनों से, पिछले महीने से, यह सूचनाएं आ रही थी कि समाजवादियों के ऊपर छापे पड़ेंगे कई बार अखबार में भी छोटी छोटी, बड़ी बड़ी खबरों में पढ़ने को मिलता था कि समाजवादियों के वहां छापे पड़ेंगे।
— Samajwadi Party (@samajwadiparty) December 31, 2021
कन्नौज समाजवादियों से जुड़ा हुआ क्षेत्र : अखिलेश
लेकिन अब समाजवादी पार्टी से जुड़े हुए लोगों के ऊपर छापे पड़ रहे हैं और दिल्ली से जब भी भारतीय जनता पार्टी का यूपी में कार्यक्रम होता है लगता है कि अपने साथ में वह इन विभागों को भी बुलाते हैं। कन्नौज समाजवादियों से जुड़ा हुआ क्षेत्र रहा है, यहां का अगर इतिहास उठा कर देखेंगे यहां पर भाईचारे और सौहार्द का इतिहास रहा है। कन्नौज में इत्र कोई आज से नहीं बन रहा है बहुत वर्षों से यहां इत्र बन रहा है।
यह सुगंध की राजधानी : अखिलेश
कन्नौज की अपनी पहचान इत्र की रही है, कन्नौज इत्र के लिए यह राजधानी है, यह सुगंध की राजधानी है। यह इत्र का कारोबार बहुत बड़ा कारोबार है, बड़े लोगों को नौकरी, बड़े लोगों को रोजगार देता है, यहां एक परफ्यूमरी पार्क लाया गया था। BJP वालों ने कॉउ मिल्क प्लांट का सत्यानाश कर दिया है। इंजीनियरिंग कॉलेज जैसा बना था, वैसे का वैसा ही आज पड़ा हुआ है। पैरामेडिकल यहां पर शुरू होना चाहिए था लखनऊ में और जगह बड़े-बड़े शहरों में जिस तरह से बिल्डिंग में बनती है उस तरह का पैरामेडिकल है उसका काम भी ठप कर दिया।
कन्नौज में विकास का कोई बड़ा काम किया है तो हमें बताएं ? अखिलेश
कार्डियोलॉजी का डिपार्टमेंट था वह ठप कर दिया। कैंसर का प्राइमरी इलाज हो जाए वह भी बंद कर दिया। मेडिकल कॉलेज में जो ऑक्सीजन प्लांट बनना था, लगना था, वह नहीं लगाया। भारतीय जनता पार्टी ने सब सत्यानाश कर दिया। कन्नौज में कोई भी विकास का काम बड़ा नहीं किया है। अगर कन्नौज में विकास का कोई बड़ा काम किया है तो कोई हमें बताएं ? जो सड़कें सपा सरकार में बन रही थी उनको भी अभी पूरा नहीं कर पाए हैं, ना काली नदी पर नया पुल, ना गंगा पर कोई पुल बनाया है, ना स्टेडियम जो समाजवादियों ने दिया था वह स्टेडियम भी नही बन पाया।
दुर्गंध फैलाने वाले यह सौहार्द की सुगंध को कैसे पसंद करेंगे ? अखिलेश
मंडियां बनी थी, मंडी अभी वैसे की वैसी ही पड़ी हुई हैं चुनाव आ गया है, इसलिए सिर्फ उसकी पुताई कर दी है। हमारे सपेरों के लिए एक "स्नेक चार्मर्स विलेज" बना था जितना सपा ने काम किया वही रुक गया। मैं इन बातों को इसलिए बता रहा हूं पहले दिन से यहां के लोगों ने देखा है कन्नौज के साथ किस तरह से व्यवहार हुआ है। कन्नौज के साथ जो पॉलिटिकली व्यवहार हुआ वह मैंने आज सामने रखा है। यह भारतीय जनता पार्टी के लोग नफरत की दुर्गंध फैलाने वाले यह सौहार्द की सुगंध को कैसे पसंद करेंगे ? जानबूझकर यह लोग सपा को तो बदनाम करना ही चाहते हैं लेकिन दुख बात ये है कि लखनऊ से लेकर दिल्ली वाले तक कन्नौज जिसका इतिहास सुगंध और इत्र का है इसी से इसकी पहचान दुनिया में है उसको बदनाम करने में लगे हुए हैं।
ढूंढने गए थे सपा के पुष्पराज जैन को और खोज निकाला, BJP के सहयोगी पीयूष जैन को : अखिलेश
पहले दिन से कह रहे हैं जिस जगह पहले छापा मारा इन्होंने, उससे समाजवादी पार्टी का कोई रिश्ता नहीं है। जिस पर छापा पड़ा पहली बार, उससे BJP और BJP के लोगों का संबंध है। भारतीय जनता पार्टी बताए इतने बड़े पैमाने पर रुपया कैसे निकला ? जिस BJP ने बताया कि नोटबंदी के बाद कालाधन नहीं आएगा, GST लागू हो जाने से व्यापार का सरलीकरण होगा इससे व्यापार अच्छा हो सकेगा। क्या हुआ ? ढूंढने गए थे सपा के पुष्प राज जैन को और खोज निकाला इन्होंने BJP के सहयोगी पीयूष जैन को। अब अपनी इस गलती की खींज मिटाने के लिए इन्होंने फिर छापा मारा है। उन पुष्प राज जैन पर जिन्होंने समाजवादी इत्र बनाया है। इसके लपेटे में और भी कई व्यापारी लोग आ गए हैं।