राज्य सरकार की सीएम हेल्पलाइन में बिना संतुष्टि के बंद की गई शिकायतों का अब माह में दो दिन परीक्षण होगा तथा इसके बाद विभागों की परफार्मेन्स देखने मासिक ग्रेडिंग तय होगी।
सीएम हेल्पलाईन के संचालक ने सभी विभागों को पत्र जारी कर इस नई व्यवस्था के बारे में जानकारी दी है। पत्र में कहा गया है कि वर्तमान में मप्र शासन की योजनाओं से संबंधित शिकायतों के निवारण हेतु सीएम हेल्पलाइन 181 सर्वोत्तम माध्यम है। पोर्टल अंतर्गत प्राप्त शिकायतों के विशलेषण उपरांत प्राय: ये तथ्य सामने आये हैं कि प्रतिमाह मासिक ग्रेडिंग जारी होने के एक/दो दिवस पूर्व विभागीय एवं जिलों के अधिकारियों द्वारा लंबित शिकायतों की संख्या में कमी लाने की दृष्टि से शिकायतों में अपूर्ण निराकरण दर्ज कर, शिकायतों को अनावश्यक आंशिक रूप से बंद किया जा रहा है।
उक्त आंशिक बंद शिकायतों पर संतुष्टि परीक्षण किये जाने से शिकायतें पुन: ये शिकायतें बिना निराकरण श्रेणी में पोर्टल पर आ जाती हैं। इससे शिकायतों का समय-सीमा में उचित गुणवत्तापूर्ण निराकरण नहीं हो पाता है।
संचालक ने पत्र में आगे कहा है कि उक्त स्थिति को दृष्टिगत रखते हुए, अब सीएम हेल्पलाईन अंतर्गत प्रतिमाह जारी की जाने वाली जिलेवार/विभागवार मासिक ग्रेडिंग डेटा में 18 तारीख तक (अवकाश होने पर आगामी दिवस) की आंशिक रूप से बंद शिकायतों को ही मान्य किया जायेगा तथा इन आंशिक बंद शिकायतों का संतुष्टि परीक्षण 19 एवं 20 तारीख में किया जाकर, तदानुसार ग्रेडिंग में सम्मिलित किया जाएगा।
19 एवं 20 तारीख की स्थिति में आंशिक रूप से बंद की गयी शिकायतों को केवल संतुष्टि परीक्षण होने की स्थिति में क्लोज में सम्मलित किया जायेगा तथा संतुष्टि परीक्षण न होने पाने की स्थिति में लंबित शिकायतों की श्रेणी में सम्मिलत कर, मासिक ग्रेडिंग जारी की जायेगी।