भोपाल: आरोग्य केंद्र में मासिक प्रशिक्षण एवं रोग निवारण शिविर, उपवास स्वस्थ शरीर के लिए जरूरी है : धरती बेन..
संत हिरदाराम नगर:
आरोग्य केन्द्र द्वारा दस दिवसीय रोग निवारण एवं प्रशिक्षण मासिक शिविर श्रृंखला में आयोजित शिविर में छठे दिन धरती बेन व मुकेष ठक्कर द्वारा सत्र में साधकों को अपक्वाहार द्वारा स्वास्थ्य लाभ एवं उपवास के विषय में बताया। उन्होंने कहा कि इंटरमिटेंट उपवास से हम अपने जीवन की रक्षा कर सकते है एवं रोगों से निजात पा सकते है।
इंटरमिटेंट उपवास से हम हर तरह के रोग का जैसे जोड़ों के दर्द, गठान, मोटापा, शुगर एवं अन्य प्रकार की बीमारियों का इलाज कर सकते है। नेचुरोपैथी ही एक ऐसा मार्ग है जो व्यक्ति को स्वस्थ बना सकता है, नेचुरोपैथी मानसिक, शारीरिक और आध्यात्मिक तीनो स्तरों पर काम करता है।
जब वजन ज्यादा होता है तो व्यक्ति को अनेक प्रकार की बीमारियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि वजन को कम करने के लिए हमें प्राकृतिक अर्थात सात्विक आहार का सेवन करना चाहिए जैसे रसाहार, फलाहार सलाद आदि। इस समय हर व्यक्ति किसी न किसी बीमारी से ग्रसित है। जब तक हम बीमारी से ग्रसित है तब तक हमे पूर्णतः अपक्काहार पर रहना चाहिए। हमे बाहर के किसी भी प्रकार के पदार्थों का सेवन नहीं करना चाहिए।
उन्होंने बताया कि ज्यादातर बीमारियों की जड़ कब्ज होती हैं इससे केवल उपवास एवं एनिमा ही निजात दिला सकता है। हमें सप्ताह में दो बार एनिमा अवश्य लेना चाहिए, कब्ज के लिए आंवले का जूस, अनार का जूस, छिलके सहित एवं करेले का जूस आदि का सेवन करना चाहिए।