भोपाल: राज्य के जल संसाधन विभाग ने अपने सभी मुख्य अभियंताओं से अपने निर्माण कार्यों के सेम्पलों, मिट्टी एवं धातु के परीक्षण हेतु विभागीय प्रयोगशाला का उपयोग न करने पर नाखुशी जाहिर की है। विभाग ने इस संबंध में जारी पत्र में कहा है कि विभिन्न निर्माण कार्यों के सेम्पल, मिट्टी एवं धातु परीक्षण के लिये विभागीय प्रयोगशाला प्रदेश के हथाईखेड़ा भोपाल एवं पचपेढ़ी जबलपुर में स्थित हैं। लेकिन इनमें अधीनस्थ मैदानी अधिकारियों द्वारा परीक्षण हेतु सेम्पल नहीं भेजे जाते हैं।
पत्र में आगे कहा गया है कि नेशनल एक्रीडेशन बोर्ड फॉर टेस्टिंग एण्ड केलीब्रेशन लेबोरेटरीज एवं इंजीनियरिंग कॉलेजों से परीक्षण करवाने के पश्चात भी मिट्टी की सूटेबिलिटी, स्वेलिंग प्रेशर, शियर परीक्षण एवं कांक्रीट मिक्स डिजायन आदि के प्रति परीक्षण यानि क्रास चेकिंग हेतु सेम्पल उक्त विभागीय प्रयोगशालाओं में उपलब्ध करायें क्योंकि इन दोनों विभागीय प्रयोगशालाओं में अनुभवी एवं दक्ष अधिकारी एवं कर्मचारी आधुनिक मशीनों के साथ तैनात हैं।