संसद के शीतकालीन सत्र का आज 15वां दिन था। 12 सांसदों के निलंबन और लखीमपुर खीरी मामले को लेकर विपक्ष आज भी उग्र था। जिसके चलते आज भी संसद ठप रही। सरकार ने 12 निलंबित सांसदों के मुद्दे पर चार विपक्षी दलों को बातचीत के लिए आमंत्रित किया था, लेकिन राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा, "हम केवल सर्वदलीय बैठक में भाग लेंगे।" कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन का कहना है कि सरकार विपक्ष को बांटने की साजिश कर रही है लेकिन पार्टियां इस मुद्दे पर एकजुट हैं।

वहीं कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने संसद में चल रहें गतिरोध पर कहा कि संसद चलाने की जिम्मेदारी सरकार की होती है। विपक्ष लखीमपुर मामले पर चर्चा करना चाहता है। राहुल ने कहा कि वह संसद में लद्दाख की समस्या उठाना चाहते थे, लेकिन ऐसा नहीं करने दिया गया।

पहले लोकसभा की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक, फिर दोपहर 2 बजे तक और फिर दोपहर 3 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई थी। इस बीच, राज्यसभा की कार्यवाही दोपहर तीन बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई है। लोकसभा में कांग्रेस समेत विपक्ष के कुछ सदस्यों ने सरकार पर हमला बोला। विपक्षी समूहों ने आज लोकसभा में आधार-वोटर कार्ड लिंक और चुनाव सुधार विधेयक के बहिष्कार का आह्वान किया।

लोकसभा में आज चुनाव सुधार विधेयक पेश किया गया। बिल को कीरन रिज्जू ने पेश किया था। विपक्षी समूहों ने विधानसभा के बहिष्कार का आह्वान किया, लेकिन कार्यवाही दोपहर 3 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। मनीष तिवारी, असदुद्दीन ओवैसी ने बिल का विरोध किया और कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने भी पार्टी की तरफ से इसपर नाराजगी जताई। साथ ही एक बार फिर 3 बजे बाद लोकसभा की कार्यवाही शुरू हुई। लोकसभा में 'चुनाव कानून (संशोधन) विधेयक, 2021' पारित हुआ। यह विधेयक चुनावी पंजीकरण अधिकारियों को "पहचान स्थापित करने के उद्देश्य से" मतदाता के रूप में पंजीकरण करने वाले लोगों की आधार संख्या प्राप्त करने की अनुमति देने का प्रयास करता है।