तमिलनाडु के कुन्नूर में एक हेलीकॉप्टर दुर्घटना में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत और उनकी पत्नी मधुलिका रावत की मौत हो गई। इस दौरान पूरे देश में मातम छाया रहा। उधर, बहन की मौत की खबर सुनकर मध्य प्रदेश के शहडोल जिले के निवासी यशवर्धन सिंह अपने परिवार के साथ दिल्ली पहुंचे।
अब यशवर्धन सिंह ने आरोप लगाया है कि इस बीच सोहागपुर में उनकी जमीन पर सरकार ने बिना कोई नोटिस दिए कब्जा कर लिया है। ये बात खुद यशवर्धन सिंह ने सोशल मीडिया पर पोस्ट की है। कांग्रेस ने प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठाया है।
सोशल मीडिया पर जताया दुख
दरअसल मध्य प्रदेश के शहडोल जिले के रहने वाले यशवर्धन सिंह अपनी बड़ी बहन मधुलिका के अंतिम संस्कार में शामिल होने दिल्ली पहुंचे थे. बाद में उनकी जमीन पर कब्जा कर लिया गया। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा: "जिस दिन जीजाजी General Bipin Rawat व जिज्जी Madhulika Rawat का अग्नि संस्कार किया जा रहा था उसी वक्त मौके का फायदा उठाते हुए भारत सरकार के आदेशानुसार शहडोल म०प्र० स्थित हमारे निज निवास के परिसर से बिना भूमि अधिग्रहण किये अवैध रूप से समाधियों को नष्ट कर व पेड़ों को काटकर नेशनल हाईवे का निर्माण किया जा रहा है। साथ ही हमारे किसी हस्तक्षेप पर स्थानीय पुलिस को भी हमारे खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश जारी किया गया है। न्याय की दरकार ....
यशोवर्धन जी की सोशल मीडिया पर की गई पोस्ट मेरे संज्ञान में आई है। मैंने इस विषय में एसपी शहडोल से बातचीत कर निर्देश दिए हैं कि पूरा मामला मेरी जानकारी में लाए बिना पुलिस किसी भी तरह का कोई कदम उनके या उनके परिवार के खिलाफ नहीं उठाए।@mohdept @JansamparkMP
— Dr Narottam Mishra (@drnarottammisra) December 14, 2021
अगर पुलिस द्वारा किसी भी तरह का पूर्वाग्रह इस मामले में बरता गया है और किसी भी तरह की अवैधानिक कार्यवाही को प्रश्रय दिया है तो मैं खुद पूरे मामले को देखूगा और जो भी दोषी होगा उस पर कड़ी कार्रवाई होगी।
— Dr Narottam Mishra (@drnarottammisra) December 14, 2021
पूरे मामले में गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने हस्तक्षेप किया है. उन्होंने ट्वीट किया: सोशल मीडिया पर यशोवर्धनजी की पोस्ट मेरे संज्ञान में आई है। मैंने इस बारे में एसपी शहडोल से बात करने के बाद निर्देश दिया है कि पुलिस पूरे मामले को मेरे संज्ञान में लाए बिना उनके या उनके परिवार के खिलाफ कोई कार्रवाई न करे. यदि इस मामले में पुलिस की ओर से कोई पक्षपात होता है और किसी भी प्रकार की अवैध कार्रवाई का समर्थन किया जाता है, तो मैं व्यक्तिगत रूप से पूरे मामले की जांच करूंगा और जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई करूंगा.