कानपुर: देशभर में कोरोना संक्रमण का प्रकोप बढ़ता ही जा रहा है. इसे कोरोना की तीसरी लहर बताया जा रहा है. कोरोना नियंत्रण के लिए टीकाकरण पर जोर दिया जा रहा है और बूस्टर डोज भी शुरू कर दी गई हैं. हालांकि, देश में कोरोना मरीजों की बढ़ती संख्या चिंताजनक बताई जा रही है. अब आईआईटी कानपुर के एक प्रोफेसर ने दावा किया है कि देश में कोरोना की तीसरी लहर मार्च तक खत्म हो जाएगी.
पद्मश्री से नवाजे जा चुके आईआईटी कानपुर के प्रोफेसर मनिंदर अग्रवाल ने अपने सूत्रों का इस्तेमाल करते हुए कोरोना की तीसरी लहर को लेकर बड़ा दावा किया है. इससे पहले भी अग्रवाल ने सूत्रों के आधार पर कोरोना प्रकोप पर टिप्पणी की थी. प्रोफेसर के अनुसार, जनवरी के अंत और फरवरी की शुरुआत में कोरोना की तीसरी लहर चरम पर होगी. हालांकि, उसके बाद कोरोना की तीसरी लहर कम होना शुरू हो जाएगी और मार्च तक खत्म हो जाएगी.
कोरोना की दूसरी लहर से ज्यादा मरीज :
तीसरी लहर के दौरान कोरोना की दूसरी लहर के मुकाबले ज्यादा मरीज देखे जा सकते हैं. दिल्ली में प्रतिदिन देखे जाने वाले रोगियों की संख्या वर्तमान में औसतन 22,000 है और यह अगले कुछ दिनों में 40,000 तक पहुंच सकती है, प्रोफेसर अग्रवाल ने दावा किया है. अग्रवाल ने कहा कि, कोरोना के बढ़ने का एकमात्र कारण राजनीतिक अभियान ही नहीं, बल्कि कई अन्य कारकों ने भी कोरोना संक्रमण के मामलों को बढ़ाने में योगदान दिया.
इस बीच देश में पिछले 24 घंटे में कोरोना के 1 लाख 68 हजार 63 नए मामले सामने आए हैं. एक दिन में आज 277 मरीजों की मौत हो चुकी है. पिछले 24 घंटे में 69,959 लोग कोरोना से ठीक हों चुके हैं. लेकिन देश में सक्रिय कोरोना मरीजों की संख्या बढ़कर 8 लाख 21 हजार 446 हो गई है. देश में कोरोना मरीज पॉजिटिविटी रेट 10.64 फीसदी है. देश में ओमिक्रोन मरीजों की कुल संख्या 4,000 को पार कर गई है. देश में अब तक 4 हजार 461 मरीज मिल चुके हैं.