Anantnag Encounter: जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में बुधवार यानी 13 सितंबर से जारी एनकाउंटर में अब तक सेना के चार जवान आतंकियों को मुहतोड़ जवाब देते हुए शहीद हो गए. वहीं, करीब पांच जवान गंभीर रूप से घायल हुए हैं.

लापता जवान का शव मिला-

बीते तीन दिनों से जारी हिंसक झड़प में पहले दिन 13 सितंबर को कर्नल मनप्रीत सिंह, मेजर आशीष धोनैक और डीएसपी हुमायूं भट्ट ने सर्च ऑपरेशन के दौरान सामने से नेतृत्व करते हुए अपने प्राणों की आहुति दी. वहीं, एक जवान एनकाउंटर के बाद से ही लापता था, उनका शव आज 15 सितंबर को बरामद हुआ है.

TRF ने ली इस आतंकी हमले की जिम्मेदारी-

इस आतंकी हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े आतंकी संगठन द रेजिस्टेंस फ्रंट यानी TRF ने ली है. इस घटना के बाद से ही पूरे देश में आक्रोश साफ़ तौर पर देखा जा सकता हैं. कश्मीर घाटी में पाकिस्तान के खिलाफ नारेबाजी हो रही है और पुतले भी जलाए जा रहे हैं.

सेना का सर्च ऑपरेशन जारी-

अनंतनाग में बीते तीन दिनों से आतंकियों की तलाश लगातार जारी है. पूरे इलाके में सर्च ऑपरेशन चल रहा है. इस इलाके में 2 से 3 आतंकियों के छिपे होने की आशंका है. करीब 2 हजार जवानों की टुकड़ी ने मोर्चा संभाल रखा है. ड्रोन से लेकर हेलीकॉप्टर तक की मदद ली जा रही है.

पुलिस और सेना की संयुक्त टीमें आतंकियों को घेरने के लिए फुल प्रूफ प्लान के साथ घाटी में उतरी हुई है. ड्रोन की मदद से भी सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है. तो वहीं हेलीकॉप्टर से सर्चिंग जारी हैं. जम्मू कश्मीर पुलिस के डीजीपी-एडीजी और आर्मी के सीनियर अधिकारी भी एनकाउंटर स्पॉट पर मौजूद हैं.

सेना ने दो संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़ा-

सूत्रों से मिल रही जानकारी के मुताबिक, जम्मू कश्मीर के उरी और बारामूला में दो संदिग्ध व्यक्तियों को सर्च ऑपरेशन के दौरान सेना ने पकड़ा है. उनके पास से दो पिस्टल, पांच हथगोले और अन्य हमले वाली सामग्री बरामद की गई है.

शहीदों को दी जा रही अंतिम विदाई-

शुक्रवार (15 सितंबर) के दिन शहीद मेजर आशीष धोनैक को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई. मेजर आशीष का परिवार हरियाणा के पानीपत के सेक्टर सात में रहता है.

शहीद कर्नल मनप्रीत सिंह को भी शुक्रवार के दिन ही राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई. कर्नल मनप्रीत सिंह का परिवार पंजाब के मोहाली के भड़ौंजिया गांव में रहता है. अंतिम संस्कार मोहाली के मुल्लांपुर गरीबदास में किया गया.

वहीं, इसी मुठभेड़ में शहीद हुए जम्मू-कश्मीर पुलिस के डीएसपी हुमायूं भट्ट का बुधवार को बडगाम में अंतिम संस्कार कर दिया गया था.

सभी चारों जवानों ने बड़ी बहादुरी के साथ आगे आकर आतंकियों को मुहतोड़ जवाब देते हुए अपने प्राणों की आहुति दी है. आज पूरा देश इन शहीद जवानों को अपनी नम आंखों से अंतिम विदाई दे रहा हैं.