इंदौर। गृहस्थ संत भय्यू महाराज को आत्महत्या के लिए उकसाने वाले सभी तीनों दोषी फिलहाल जेल में ही रहेंगे। हाईकोर्ट ने तीनों दोषियों को जमानत देने से इंकार कर दिया है। मामले में भय्यू महाराज के तीन सेवादार पलक, विनायक और शरद को महाराज को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार किया था। दरअसल पलक महाराज से शादी करने के लिए दबाव डाल रही थी. उसने उनकी अश्लील सीडी बना ली थी जिसके बल पर वह उन्हें ब्लेकमेल कर रही थी. सत्र न्यायालय ने तीनों दोषियों को छह-छह साल कठोर कारावास की सजा सुनाई। दोषियों ने इस फैसले को चुनौती देते हुए हाई कोर्ट में अपील दायर की है। इधर इस हाई प्रोफाइल सुसाइड केस में अब महाराज की पत्नी भी आगे आई हैं और उन्होंने दोषियों की सजा बढ़ाने की अपील की है.

मामले में तीनों दोषी सेवादार अब कोर्ट से जमानत देने की गुहार लगा रहे हैं। याचिका में भी उन्होंने यह कहते हुए जमानत देने की मांग की कि जेल में उन्हें चार साल हो चुके हैं। हमारी अपील की सुनवाई में भी लंबा समय लग सकता है। गौरतलब है कि हाईकोर्ट ने सभी पक्षों की बहस सुनने के बाद जमानत के मुद्दे पर अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था. हाईकोर्ट का यह फैसला सोमवार शाम को जारी हुआ। कोर्ट ने दोषियों की तरफ से प्रस्तुत याचिका को अंतिम सुनवाई केे लिए ग्राह्य कर लिया पर उन्हें जमानत देने से स्पष्ट इंकार कर दिया।

क्या है मामला
12 जून 2018 को शहर के विख्यात गृहस्थ संत भय्यू महाराज ने कनपट्टी पर गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी। भय्यू महाराज देश की नामी गिरामी शख्सियत थे और उनके वरिष्ठ राजनीतिज्ञों से भी संबंध थे. ऐसे में यह मामला खूब चर्चित हो गया था. पहले इसे महाराज की पत्नी और बेटी के आपसी विवाद का नतीजा माना गया था लेकिन बाद में पुलिस की जांच मेें केस की परतें धीरे—धीरे खुलती चलीं गईं. घटना के करीब छह महीने बाद पुलिस ने भय्यू महाराज के तीन सेवादारों पलक, विनायक और शरद को महाराज को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार किया था। सत्र न्यायालय ने इस मामले में फैसला सुनाते हुए तीनों सेवादारों को दोषी ठहराया. इन सभी को छह-छह साल कठोर कारावास की सजा सुनाई थी। तीनों दोषियों ने इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। 

इधर महाराज की दूसरी पत्नी आयुषी हाईकोर्ट के इस फैसले से संतुष्ट नहीं हैं. उन्होंने हाईकोर्ट में एक याचिका भी दायर की है जिसमें उन्होंने तीनों दोषियों की सजा बढ़ाए जाने की गुहार लगाई है।