मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोमवार को कुशाभाऊ ठाकरे अंतर्राष्ट्रीय सभागार में 413 नगरीय निकायों की सड़कों के कायाकल्प अभियान में 750 करोड़ रूपये की स्वीकृति देते हुए प्रथम किस्त के रूप में 350 करोड़ रूपये सिंगल क्लिक से जारी किये। इस मौके पर CM ने सभी निकायों के अधिकारियों को क्वालिटी कंट्रोल की दो टूक नसीहत भी दी। 

मुख्यमंत्री शिवराज ने कहा कि 15 से 20 दिन में टेंडर की प्रोसेस पूरी हो जानी चाहिए। मई में काम खत्म करना है। इसके बाद बारिश आ जाएगी। सीएम ने नसीहत देते हुए कहा कि मंत्री और अधिकारी इस चक्कर में न पडे़ कि ये ठेकेदार आ जाए, पहचान का आए, तो बहुत अच्छा। इस सब में न पड़ें।

उन्होंने कहा कि इस बात का ध्यान रखना है कि सही एजेंसी का चयन हो जाए क्योंकि क्वालिटी कंट्रोल बहुत जरूरी है। ऐसा न हो कि डामर चुपड़ दिया, बाद में वो उखड़ गया। यह ध्यान रखें कि सही एजेंसी का चयन हो और कार्य गुणवत्ता पूर्ण हों। 

सीएम शिवराज ने यह भी कहा कि प्रदेश के महानगरों में सड़कों की स्थिति ठीक थी, लेकिन नगरीय क्षेत्रों में, विशेषकर अंदरूनी इलाकों में सड़कों की हालत ऐसी है कि उनकी मरम्मत करनी होगी, इसलिए प्रदेश में पहली बार ऐसी सड़कों की मरम्मत के लिए राशि दी जा रही है। 

नगरीय क्षेत्रों को स्वच्छता सर्वेक्षण में भी सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना है, इसमें आप सभी अभी से जुट जाएं और नगरीय क्षेत्रों में मरम्मत आदि के कार्य समाप्त कर स्वच्छता और सुंदरीकरण पर ध्यान दें। स्वच्छता और सौंदर्यीकरण में बेहतर प्रदर्शन के लिए नगरीय क्षेत्रों के स्थानीय बाजारों के बीच ही स्वस्थ प्रतियोगिता आयोजित करें। स्थानीय बाजारों के बीच स्पर्धा होनी चाहिए कि हमारा मार्केट ज्यादा स्वच्छ और सुंदर है।