कॉमर्शियल सिलेंडर आज यानी 1 जून से 53.50 रुपए तक महंगा हो गया है। दिल्ली में ये 3113.50 रुपए में मिल रहा है। 5 किलो वाले एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में 11 रुपए का इजाफा किया गया है। इस बढ़ोतरी के बाद अब इस सिलेंडर की कीमत 821.50 रुपए हो गई है। इसके अलावा पेट्रोल, डीजल और हवाई जहाज के ईंधन पर नई एक्सपोर्ट ड्यूटी आज से लागू हो गई है।

कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़ने से रेस्टोरेंट मालिकों का खर्च बढ़ेगा। ऐसे में वे चाय, नाश्ते और थाली महंगी कर सकते हैं। शादियों की कैटरिंग भी महंगी हो सकती है। वहीं पांच किलो वाले सिलेंडर को छोटू सिलेंडर भी कहते हैं जिसे कोई भी बिना एड्रेस प्रूफ के ले सकता है। इनका ज्यादातर इस्तेमाल प्रवासी मजदूर, छात्र या छोटे दुकानदार करते हैं।

दूसरी ओर केंद्र सरकार ने पेट्रोल, डीजल और हवाई जहाज के ईंधन पर एक्सपोर्ट ड्यूटी घटा दी है। नई दरें आज 1 जून से लागू हो गई है। पेट्रोल के निर्यात पर ड्यूटी 1.5 रुपए प्रति लीटर तय की गई है। डीजल के निर्यात पर ड्यूटी 13.5 रुपए प्रति लीटर रखी गई है। हवाई जहाज के ईंधन के निर्यात पर ड्यूटी 9.5 रुपए प्रति लीटर तय की गई है।

 यह एक प्रकार का टैक्स है जो सरकार देश से बाहर बेची जाने वाली वस्तुओं पर लगाती है। टैक्स कम होने से रिफाइनरी कंपनियों को ज्यादा मुनाफा होगा। घरेलू पेट्रोल-डीजल के दामों पर कोई बदलाव नहीं होगा।

इसके अलावा अब रूफटॉप सोलर और नेट-मीटरिंग प्रोजेक्ट्स में सरकार के मान्यता प्राप्त मैन्युफैक्चर्स के ही सोलर पैनलों का उपयोग होगा। इस फैसले के कारण घरेलू स्तर पर बने प्रमाणित पैनलों की मांग बढ़ेगी। इससे उपभोक्ताओं को शुरूआती खर्च तो ज्यादा देना पड़ेगा, लेकिन लंबे समय के लिए बेहतर क्वालिटी और वारंटी वाले सुरक्षित सोलर सिस्टम की गारंटी मिलेगी