तनाव बढ़ने से व्यक्ति में चिंता और अवसाद बढ़ता है, इसका शरीर पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। हृदय रोग और मोटापा जैसे रोग होते हैं। प्राकृतिक वातावरण न केवल तनाव को कम करता है बल्कि मानसिक थकान को भी कम करता है। नतीजतन, एक व्यक्ति के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार होता है।
वाकिंग के लाभ: प्राकृतिक वातावरण के संपर्क में आने पर पैरासिम्पेथेटिक नर्वस सिस्टम सक्रिय हो जाता है। यह विश्राम और पाचन के लिए जिम्मेदार है। यह तनाव को दूर करने में भी मदद करता है।
17 साल पहले हुई थी शुरुआत: साल 2005 में कार्डियोलॉजिस्ट ने डॉक विद डॉक नाम से वॉक की शुरुआत की थी। यह वर्तमान में दुनिया भर के 500 स्थानों में डॉक्टरों द्वारा निर्धारित किया जा रहा है।