राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज यहां कहा कि महिलाओं और पुरूषों को समान रूप से शिक्षित व सशक्त करने से ही राष्ट्र की मजबूती व प्रगति संभव है। वे राजधानी में महिला स्व सहायता समूह के सम्मेलन को संबोधित कर रही थीं।

इस मौके पर मोतीलाल नेहरू स्टेडियम में मध्यप्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत इस कार्यक्रम में प्रदेशभर से 15 हजारसमूह की सदस्य महिलाएं शामिल हुई। उन्होंने अपने भाषण में बार-बार महिला व पुरूषों को समान मौके उपलब्ध करने पर जोर दिया व मप्र में महिला स्वसहायता समूहों को मौके मिलने व आगे बढ़ने की प्रशंसा की।

राष्ट्रपति ने कहा कि महिलाओं की प्रगति का मार्ग प्रशस्त करना सर्वश्रेष्ठ राष्ट्रीय कर्तव्य भी है। क्योकि महिलाओ ने शिक्षा, खेलकूद, ज्ञान-विज्ञान व अनुसंधान समेत हर क्षेत्र में अपनी भूमिका मजबूती से निभाई हैं।उन्होने स्व सहायता समूह की महिलाओं को कहा कि हर काम को उत्साहपूर्वक व मन लगाकर करें।

इससे पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मप्र सरकारने महिलाओं के लिये कई योजनाएं चलाई हुई हैं और इसका फायदा भी उन्हें मिला है। इन योजनाओं से महिलाओं की जिंदगी बदल रही है।

महिला स्वसहायता समूहों से जुड़करमहिलाएं लखपति भी बनी हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि मप्र में महिलाओं को पुलिस भर्ती में 30 फीसद आरक्षण दिया जाएगा। किसी भी महिला पर अत्याचार नहीं सहन होगा। इससे पहले पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री महेंद्र सिंह सिसौदिया ने कहा मुख्यमंत्री सबसे ज्यादा चिंता स्व सहायता समूह की महिलाओं की करते हैं। 40 लाख समूह हो गए हैं।

इससे पहले गुना जिले से आई अनीता समेत कुछ महिलाओं ने ने मंच से अपनी कहानी बताई। उन्होंने कहा पहले मजदूरी करती थी। आटा चक्वी के व्यवसाय और समूह से ऋण लेकर पति को ट्रैक्टर दिलाया। पहले बच्चों को लेकर मजदूरी करती थी। अब बच्चे पढ़ते हैं। 

मुख्यमंत्री बोले- महिला सशक्तिकरण का प्रतीक

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा, हमारे अनुरोध पर हमारे बीच पधारीं राष्ट्रपति महिला सशक्तिकरण का प्रतीक हैं। सार्वजनिक जीनव की पार्षद पद से शुरुआत करते हुऐ वे इस पद तक पहुंची हैं। वे सहज हैं, सरल हैं, धैर्य और गंभीरता की मूर्ति हैं। उनका व्यक्तित्व सागर से ज्यादा गहरा है, हिमालय से ज्यादा ऊंचा है। नारी सबला है, ये राष्ट्रपति ने सिद्ध किया है। कोई भी बहन कमजोर नहीं, अगर वो ठान ले तो हिम्मत से आगे बढ़कर दुनिया में चमत्कार कर सकती है।

संग्रहालय में देखी आदिवासी जीवन की संरचनाएं

इससे पहले आज सुबह वे श्यामला पहाड़ियों पर बने जनजातीय संग्रहालय पहुंचीं। राज्यपाल मंगू भाई पटेल और सीएम शिवराज सिंह चौहान भी उनके साथ थे। उन्होंने संग्रहालय में जनजातीय कलाकृतियों, पेंटिंग्स और अलग अलग आदिवासी समुदाय की जीवनशैली से जुडी संरचनाओं को देखा। पद्मश्री भूरी बाई ने यहां राष्ट्रपति का स्वागत किया। राष्ट्रपति बनने के बाद द्रौपदी मुर्मू पहली बार मध्यप्रदेश के दौरे पर आई हैं। कल उन्होंने शहडोल में जनजातीय समारोह में शिरकत की थी। भोपाल के स्मार्ट सिटी पार्क में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, राज्यपाल मंगू भाई पटेल और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पौधारोपण किया।