भोपाल। राज्य के सामान्य प्रशासन विभाग के प्रमुख सचिव ने सभी विभाग प्रमुखों को नया फरमान जारी किया है जिसमें कहा गया है कि मीडिया में प्रकाशित नकारात्मक खबरों के बारे में की गई कार्यवाही की समीक्षा कर आवश्यक तथ्यात्मक जानकारी जनसंपर्क विभाग को प्रेषित की जाये।

फरमान में बताया गया है कि जनसंपर्क विभाग द्वारा परम्परागत मीडिया (प्रिन्ट/इलेक्ट्रानिक/डिजीटल) के साथ-साथ सोशल मीडिया के विभिन्न साधनों यथा एक्स, फेसबुक, इंस्टाग्राम, यू-ट्यूब इत्यादि के माध्यम से शासन की नीतियों एवं योजनाओं का जन-उपयोगी प्रचार-प्रसार नियमित रूप से किया जाता है। प्रत्येक विभाग को एक जनसंपर्क अधिकारी तथा सोशल मीडिया हैंडलर आवंटित किया गया है। मंत्रीगणों को भी सोशल मीडिया हैंडलर आवंटित किया गया है। इसलिये अब शासन की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं एवं अन्य कार्यों की वास्तविक एवं तथ्यात्मक जानकारी जन-जन तक पहुंचाने हेतु सभी विभाग नोडल अधिकारी के रूप में एक वरिष्ठ अधिकारी को नियुक्त करेंगे। 

नोडल अधिकारी दिन-प्रतिदिन मीडिया में प्रकाशित नकारात्मक खबरों के बारे में आवश्यक खण्डन, तथ्यात्मक जानकारी जो उस विषय से संबंधित हो, जनसंपर्क विभाग को प्रेषित करेंगे। संवेदनशील मामलों में नोडल अधिकारी अपने विभाग के वरिष्ठतम अधिकारी (अपर मुख्य सचिव / प्रमुख सचिव / सचिव/ विभागाध्यक्ष) एवं आवश्यकतानुसार विभागीय मंत्री को भी अवगत कराते हुए खंडन किया जाना सुनिश्चित करेंगे।

फरमान में बताया गया है कि विभागों के साथ समन्वय हेतु जनसंपर्क विभाग द्वारा व्हाट्स-अप ग्रुप भी प्रारंभ किया गया है, जिसमें नोडल अधिकारी, विभागों के जनंसपर्क अधिकारी, सोशल मीडिया हँडलर्स एवं जनसंपर्क विभाग के वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। यह व्हाट्सअप ग्रुप सतत् एवं जीवंत संपर्क हेतु स्थापित किया गया है, इसमें होने वाले सूचना के आदान-प्रदान को गंभीरता से लेकर आवश्यक निराकरण किया जाये।

प्रत्येक माह विभाग प्रमुख एवं विभागाध्यक्ष द्वारा अनिवार्यत: विभागीय कार्य की समीक्षा के साथ ही विभागीय सोशल मीडिया के हैंल्डर्स की भी समीक्षा भी करें। समीक्षा में सोशल मीडिया में पोस्ट की संख्या, फालोअर्स की संख्या, जनता की प्रतिक्रिया इत्यादि बिन्दुओं की भी समीक्षा की जाये।