आज़ादी के 75 साल पूरे होने के उपलक्ष में केंद्र सरकार द्वारा देश भर में आज़ादी का अमृत महोत्सव श्रृंखला के तहत हर-घर तिरंगा अभियान चलाया जा रहा है, इसके चलते लोगों मे काफी उत्साह है और वे भारी संख्या में तिरंगा झंडा खरीद रहे हैं। तिरंगे की भारी डिमांड के कारण बाज़ार में इसकी कमी होने लगी है।
वहीं दुकानदारों ने इसकी एडवांस बुकिंग की भी की है, लेकिन सरकार द्वारा 'हर घर तिरंगा' अभियान के आह्वान के बाद से बाज़ारों में राष्ट्रीय ध्वज की मांग बढ़ गई है। बाजार में कागज के तिरंगे की बजाय कपड़े के तिरंगा की मांग ज्यादा है।
कारोबारियों का कहना है कि उन्हें बड़ी संख्या में तिरंगा झंडा बनाने का ऑर्डर मिल रहा है। आलम ये है कि लोग 100, 500, 5000 से लेकर 10000 झंडे खरीदने आ रहे हैं। कारोबारियों का कहना है, कि तिरंगा खरीदने की "डिमांड में 10 गुना बढ़ोतरी हुई है।जो लोग छपाई से जुड़ा कोई भी काम कर रहे थे वे इस बार हर काम छोड़ कर बस तिरंगा बना रहे हैं।" तिरंगे झंडे की मांग इतनी ज्यादा की जा रही है कि उसे बनाने वाले कारीगर भी कम पड़ गए हैं।
तिरंगे की भारी डिमांड के बाद कई दुकानदारों ने तो नया ऑर्डर लेने भी बंद कर दिए हैं। आपको बता दें कि हर घर तिरंगा अभियान 13 से 15 अगस्त तक चलाया जाएगा।
केंद्र सरकार के हर घर तिरंगा फहराने के इस विशेष अभियान को सफल बनाने में उसे राज्य सरकारों का भी भरपूर सहयोग मिल रहा है।