देश के अधिकांश हिस्सों में रविवार को बारिश और बादलों के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई। मौसम विभाग के मुताबिक देशभर में फिलहाल हीटवेव की स्थिति समाप्त हो गई है। कई राज्यों में बारिश और आंधी के चलते मौसम में बदलाव आया है।
राजस्थान के कई हिस्सों में लगातार दूसरे दिन धूल भरी आंधी चली, जिससे तापमान में गिरावट आई। जैसलमेर में रेतीला तूफान आया। इससे विजिबिलिटी पर असर हुआ, हालांकि किसी तरह का नुकसान नहीं हुआ। राज्य के फलौदी में अधिकतम तापमान 42.6 रहा।
उत्तराखंड में भारी बारिश और खराब मौसम के कारण केदारनाथ यात्रा को अस्थायी रूप से रोकना पड़ा। चंपावत के श्री रीठा साहिब गुरुद्वारे के वार्षिक जोड़ मेले के दौरान उफनती नदी में 50 से ज्यादा श्रद्धालु फंस गए, जिन्हें बाद में रेस्क्यू किया गया।
वहीं एमपी में मानसून 5 से 7 दिन लेट हो सकता है। मौसम केंद्र के मुताबिक, मानसून की एंट्री 20 से 22 जून तक हो सकती है। मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा ने बताया, जून में औसत से कम बारिश होगी। हालांकि, मई में भीषण गर्मी के साथ ओला-बारिश दोनों का ही दौर रहा। मई की औसत बारिश से आधा इंच पानी ज्यादा बरसा।
इधर, जून के शुरूआती 4 दिन तक पूरे प्रदेश में आंधी-बारिश का अलर्ट है। सोमवार को धार और खरगोन में ओला-बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है, जबकि झाबुआ, अलीराजपुर, बड़वानी, बुरहानपुर, खंडवा, हरदा, बैतूल, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा में आंधी, बारिश, ओलावृष्टि और गरज-चमक का आॅरेंज अलर्ट है।