दुनियाभर में कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच केंद्र सरकार ने भारत बायोटेक की नेजल वैक्सीन को मंजूरी दे दी है। इस वैक्सीन को बूस्टर डोज के तौर पर इस्तेमाल किया जा सकता है। प्रारंभ में, नाक का टीका निजी अस्पतालों में उपलब्ध होगा। सरकार ने आज से इस वेक्सीन को भारत के कोविड-19 टीकाकरण कार्यक्रम में शामिल कर लिया है।

भारत बायोटेक की नेजल वैक्सीन को नाक के जरिए लगाया जा सकेगा। पहले इसका नाम BBV154 था। इसे अब iNCOVACC नाम दिया गया है। यह दुनिया का पहला नेजल वैक्सीन है। भारत के ड्रग रेगुलेटर ने 6 सितंबर को वेक्सीन के आपातकालीन उपयोग को मंजूरी दी थी। यह टीका 18 साल से अधिक उम्र के लोगों को लगाया जाएगा। वैक्सीन को अमेरिका में भारत बायोटेक और वाशिंगटन विश्वविद्यालय द्वारा संयुक्त रूप से विकसित किया गया है।

कोरोना समेत ज्यादातर वायरस म्यूकोसा के जरिए शरीर में प्रवेश करते हैं। म्यूकोसा एक चिपचिपा पदार्थ है जो नाक, फेफड़े, पाचन तंत्र में पाया जाता है। नाक के टीके म्यूकोसा में प्रत्यक्ष प्रतिरक्षा प्रतिक्रिया उत्पन्न करते हैं, जबकि इंट्रामस्क्युलर टीके ऐसा करने में असमर्थ होते हैं।

यह वेक्सीन बूस्टर डोज के तौर पर दी जाएगी। जिन लोगों को पहले से ही वैक्सीन के दो डोज लग चुके हैं, उन्हें ही यह वैक्सीन दी जाएगी। COVIN पोर्टल पर उपलब्ध डेटा से पता चलता है कि अब तक 95.10 करोड़ से अधिक लोगों को टीके की दो खुराकें मिल चुकी हैं। लेकिन 22.20 करोड़ लोगों ने ही बूस्टर डोज ली है।

हैदराबाद की कंपनी भारत बायोटेक ने 4000 वॉलंटियर्स पर नेजल वैक्सीन का क्लीनिकल ट्रायल किया था। इनमें से किसी पर भी कोई दुष्प्रभाव नहीं देखा गया है। अगस्त में तीसरे चरण के नैदानिक ​​परीक्षण के बाद, यह स्पष्ट हो गया था कि BBV154 वैक्सीन उपयोग करने के लिए सुरक्षित थी। भारत बायोटेक ने BBV154 को लेकर कहा है कि वैक्सीन नाक से लगाई जाती है। यह भी कहा जा रहा है कि टीका किफायती है जो निम्न और मध्यम आय वाले देशों के लिए अच्छा होगा। कहा जाता है कि यह टीका संक्रमण और संचरण को कम करेगा।

इससे पहले भारत के ड्रग कंट्रोलर जनरल DCGI ने भारत बायोटेक की इंट्रानेजल कोविड वैक्सीन के इमरजेंसी यूज को मंजूरी दी थी। टीका नाक से स्प्रे द्वारा दिया जाता है, जिसका अर्थ है कि वेकसीन लगवाने वाला इसे नाक से लेगा हाथ पर कोई टीका नहीं लगाया जाएगा। DCGI ने 18 साल से ज्यादा उम्र के लोगों के लिए इंट्रानेजल कोविड वैक्सीन को मंजूरी दे दी है। भारत बायोटेक की इस वैक्सीन का नाम BBV154 है जिसे अब iNCOVACC कर दिया गया है।।