दिल्ली में कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन का मुख्य चेहरा रहे किसान नेता राकेश टिकैत को बेंगलुरु प्रेस क्लब के गांधी भवन में ब्लैकमेल किया गया। बताया जाता है कि बेंगलुरू में आज करीब एक दर्जन लोगों ने प्रेस कांफ्रेंस में तोड़फोड़ की और टिकैत पर स्याही फेंक दी। जानकारी के अनुसार, उस समय टिकैत मीडिया को संबोधित कर रहे थे।

घटना का वीडियो भी वायरल हो रहा है। पुलिस ने मामले में 3 लोगों को गिरफ्तार किया है। टिकैत प्रेस क्लब में संवाददाता सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इसी बीच लोगों की भीड़ टिकैत के पास पहुंची और उन पर स्याही फेंक दी। जिसके बाद कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी मच गई और कुर्सियों एक दुसरे पर फेकी गई।

टिकैत एक स्टिंग ऑपरेशन के बारे में चर्चा के लिए संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करने आए थे। जिसमें कर्नाटक का एक किसान नेता पैसे मांगते पकड़ा गया था।

किसान नेता टिकैत ने इस घटना पर कर्नाटक की भाजपा सरकार पर कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा मुहैया कराने में विफल रहने का आरोप लगाया। टिकैत ने कहा कि स्थानीय पुलिस ने कोई सुरक्षा मुहैया नहीं कराई। हमले को सरकार की मिलीभगत से अंजाम दिया गया।

चंद्रशेखर के समर्थकों पर लगे आरोप-

ऐसा कहा जाता है कि टिकैत पर स्थानीय नेता चंद्रशेखर के समर्थकों ने हमला किया था। पत्रकार वार्ता के दौरान टिकैत से जब पत्रकारों ने पूछा कि किसान नेता चंद्रशेखर के बारे में आपका क्या कहना है? जिस पर टिकैत ने जवाब दिया, मेरा उनसे कोई लेना-देना नहीं है। यह सुनकर चंद्रशेखर के समर्थक भड़क गए और टिकैत पर स्याही फेंक दी।