मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा वर्तमान कार्यकाल के 2 वर्ष पूर्ण होने पर रवींद्र भवन सभागार, भोपाल से प्रदेश की जनता को संबोधित करते हुए कहा कि, मध्यप्रदेश की धरती पर एक समय डकैतों का आतंक था। मुख्यमंत्री बनने के बाद मैंने बैठक कर स्पष्ट निर्देश दिए थे कि मध्यप्रदेश की धरती पर एक भी डकैतों का नामोनिशान नहीं रहना चाहिए। मुझे कहते हुए गर्व है कि आज प्रदेश में एक भी डकैत नहीं है।

CM  शिवराज ने कहा, सज्जनों के लिए हमारी सरकार फूल से ज्यादा कोमल है। लेकिन दुष्टों के लिए वज्र से ज्यादा कठोर। हमने तय किया है कि मां-बहन और बेटियों को बुरी नीयत से देखने वाले किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे, तबाह कर दिए जाएंगे। उनके घर तोड़कर मैदान बना दिए जाएंगे।

उन्होंने कहा, हमने तय किया है कि मध्यप्रदेश का गेहूं पूरी दुनिया में निर्यात करेंगे। आज केन्द्रीय मंत्री पीयूष गोयल और साध्वी निरंजन के साथ महत्वपूर्ण बैठक हुई और निर्णय लिया गया कि बाहर के देशों में जाने वाले मध्यप्रदेश के गेहूं पर मंडी टैक्स नहीं लगाया जाएगा।

मुख्यमंत्री शिवराज ने कहा, जब मैंने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी, तब खजाने में पैसा नहीं था। लेकिन जहां चाह होती है, वहां राह निकल आती है। मुझे कहते हुए गर्व है कि गरीबों के खातों में पैसे डालने से लेकर किसानों के उत्पादन खरीदने और बच्चों को स्कॉलरशिप देने तक किसी काम में पैसे की कमी नहीं आने दी।

उन्होंने कहा,  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को धन्यवाद देता हूं कि उन्होंने संकटकाल के बीच जनता का जीवन बचाने के लिए डॉक्टर्स और वैज्ञानिकों की टीम बनाकर एक साल के अंदर कोरोना रोधी वैक्सीन बनवा ली, जिसके देशभर में अब तक 181 करोड़ से ज्यादा डोज़ लगाए जा चुके हैं।