छिंदवाड़ा: जबलपुर लोकायुक्त की टीम ने मंगलवार को शहर में दो जगहों पर छापेमारी कर एक पीडब्ल्यूडी एसडीओ व एक सब-इंजीनियर को ढाई लाख रुपये की रिश्वत लेते पकड़ा है. एसडीओ विजय चौहान व उप अभियंता हेमंत कुमार ने ठेकेदार श्रीचंद से रिश्वत की मांग की थी. ठेकेदार श्रीचंद चौरिया ने लोकायुक्त एसपी जबलपुर से शिकायत की थी कि दोनों अधिकारी सड़क किनारे साइन बोर्ड लगाने के टेंडर बिल को क्लीयर करने के लिए राशि की मांग कर रहे हैं.
शिकायत के बाद लोकायुक्त डीएसपी जेपी वर्मा के नेतृत्व में जांच शुरू की गई और पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को हाथ से पकड़ने के लिए जाल बिछाया गया. बिल प्राप्त करने के लिए 2 लाख 40 हजार रुपये का सौदा हुआ और दोनों अधिकारियों ने शिकायतकर्ता को रिश्वत की राशि लेकर अपने घर बुलाया. लोकायुक्त की टीम ने दोनों आरोपित अधिकारियों को उनके आवास शिक्षक कॉलोनी खजूरी मार्ग और रघुपुरम कॉलोनी परतला से दबोचा. जबलपुर लोकायुक्त टीम में डीएसपी जेपी वर्मा, इंस्पेक्टर कमल उइके, नरेश बहारा, कांस्टेबल अमित मंडल, विजय विष्ट, अंकित दहिया, गोविंद राजपूत और महिला कांस्टेबल लक्ष्मी रजक शामिल हैं.
पीडब्ल्यूडी कार्यालय में सन्नाटा :
लोकायुक्त की टीम ने जैसे ही पीडब्ल्यूडी के एसडीओ व सब इंजीनियर से लाखों की रिश्वत लेते पकड़ा तो विभाग हैरान रह गया. सूचना मिलते ही कार्यालय में सन्नाटा पसर गया. दफ्तर के कर्मचारी हैरान रह गए और दफ्तर के बाहर इधर-उधर घूमते नजर आए. बताया जा रहा है कि कर्मचारियों को अंदेशा था कि कहीं लोकायुक्त की टीम जांच के लिए कार्यालय न पहुंच जाये.