पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी अब सौरभ गांगुली के समर्थन में उतर आई हैं। इसके बाद ममता बेनर्जी ने PM मोदी से अपील की है, कि वे सौरभ गांगुली को अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने की इजाज़त दें। उन्हें लेकर बंगाल की राजनीति में भूचाल आया हुआ है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के अध्यक्ष पद से हटने के बाद सौरव गांगुली का पहला बयान  भी सामने आया था। उन्होंने यह कहते हुए इसे शांत करने की कोशिश की कि किसी भी पद पर कोई परमानेंट नहीं है।

हाल ही में बोर्ड की बैठक के बाद, रिपोर्टें सामने आईं कि उन्हें एक और कार्यकाल चाहने के बावजूद पद छोड़ने के लिए कहा गया था। इस खबर के सामने आने के बाद बंगाल की सियासत में भूचाल आ गया। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी के कुछ नेताओं ने दादा के निष्कासन के लिए भाजपा को जिम्मेदार ठहराया, लेकिन उनके इस दावे को BJP ने सिरे से खारिज कर दिया था। इस सबके बीच खबरें ये आ रही हैं, ममता बेनर्जी ने PM मोदी से इस बात को लेकर अपील की है, कि वो सौरभ गांगुली को अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने की इजाज़त दें

वहीं गांगुली ने  एक कार्यक्रम में कहा- मैं पांच साल तक बंगाल क्रिकेट संघ का अध्यक्ष रहा। मैं सालों से बीसीसीआई का अध्यक्ष हूं। इन सब शर्तों के बाद आपको जाना होगा। ।

पूर्व भारतीय क्रिकेटर और 1983 विश्व कप विजेता टीम के सदस्य, रोजर बिन्नी के अगले बीसीसीआई अध्यक्ष के रूप में सौरव गांगुली की जगह लेने की संभावना है, जबकि भाजपा विधायक आशीष शेलार को कोषाध्यक्ष के रूप में अरुण धूमल की जगह लेने की संभावना है। खबरों की मानें तो जय शाह बीसीसीआई सचिव के पद पर बने रहेंगे।

मुंबई के ट्राइडेंट होटल में मंगलवार को हुई BCCI की बैठक में देश के विभिन्न हिस्सों से विभिन्न संघों के पदाधिकारियों ने बोर्ड में विभिन्न पदों के लिए नामांकन दाखिल किया। ये चर्चा 18 अक्टूबर को होने वाले चुनाव को देखते हुए BCCI की आंतरिक बैठक में हुई। BCCI के वरिष्ठ प्रशासक राजीव शुक्ला बोर्ड के उपाध्यक्ष के रूप में बने रहेंगे। बिन्नी ने पहले BCCI चयन समिति के सदस्य के रूप में काम किया है और 1983 विश्व कप विजेता टीम के सदस्य भी थे।