भोपाल, 

लगातार यह तीसरा वर्ष होगा जब शुल्क में वृद्धि नहीं की गई है..!

उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस संबंध में पुष्टि करते हुए बताया कि कोविड महामारी के संक्रमण को ध्यान में रखते हुए शैक्षणिक सत्र 2022-23 में भी सरकारी व निजी कॉलेजों में पारंपरिक स्ववित्तीय पाठ्यक्रम में किसी प्रकार के शुल्क की वृद्धि नहीं किए के जाने का निर्णय लिया गया है। बता दें कि कोरोना संक्रमण के चलते बीते दो वर्षों में शैक्षणिक व्यवस्थाएं प्रभावित होने के साथ ही विद्यार्थी और अभिभावकों पर आर्थिक बोझ बढ़ा है। ऐसे में यह उनके लिए एक बड़ी राहत है।

ई-प्रोफाइल अपडेशन के आदेश

शैक्षणिक- -सत्र 2022-23 में प्रवेश को लेकर उच्च शिक्षा विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसके तहत ऑनलाइन ई-प्रवेश प्रक्रिया के पहले चरण में कॉलेजों की ई-प्रोफाइल अपडेशन का काम भी शुरू हो गया है। सभी कॉलेजों को 11 अप्रैल से 30 अप्रैल 2022 तक ऑनलाइन ई-प्रवेश पोर्टल से कार्यवाही पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। सभी कॉलेज अपनी प्रोफाइल में विगत वर्ष में की गई प्रविष्टियों की जानकारी इसमें प्रदर्शित करना होगी। कॉलेजों द्वारा अन्य जानकारी जैसे प्राचार्य, स्थान, मोबाइल नंबर, बैंक संबंधी जानकारी आदि में परिवर्तन यदि हुए हों तो, वह अपडेट करना होगा।

नए संकाय, विषय की जानकारी

सरकारी अनुदान प्राप्त निजी कॉलेज, निजी कॉलेजों को वर्ष 2022-23 में स्वीकृत किए गए नवीन संकाय, विषय, डिप्लोमा आदि पाठ्यक्रम की सम्यक जानकारी भी देना होगी। इसके अलावा कॉलेज में संचालित स्वीकृत सर्टिफिकेट कोर्स की जानकारी भी ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड करना होगी।

15 मई तक ऑनलाइन सत्यापन

शैक्षणिक सत्र 2022-23 के लिए संबंधित विश्वविद्यालय द्वारा सम्बद्धता प्रमाण-पत्र एवं इसी सत्र में उच्च शिक्षा संचालनालय द्वारा शासकीय महाविद्यालयों के स्ववित्तीय पाठ्यक्रम एवं अशासकीय महाविद्यालयों के लिए जारी अनापत्ति प्रमाण-पत्र भी अपलोड करना अनिवार्य होगा। संबंधित समस्त विश्वविद्यालयों के क्षेत्र में आने वाले शासकीय अनुदान प्राप्त अशासकीय, अशासकीय महाविद्यालयों की प्रोफाइल इस अवधि तक ऑनलाइन सत्यापित करना सुनिश्चित करेंगे। संबंधित विश्वविद्यालय द्वारा 15 मई 2022 तक ऑनलाइन सत्यापन करना अनिवार्य होगा। इसके बाद ही शैक्षणिक सत्र 2022-23 की ई-प्रवेश प्रक्रिया के लिए महाविद्यालय पोर्टल से संबद्ध हो सकेंगे।