एमबीए की छात्रा वेदिका ठाकुर मर्डर केस में एक बड़ा अपडेट सामने आया है। अब जबलपुर में कांग्रेस के कार्यकर्ता बीजेपी नेता प्रियांश का मकान तोड़ने के लिए उनके विरोध  में उतर आए हैं। कांग्रेसी प्रियांश का मकान तोड़ने के लिए बुल्डोजर लेकर पहुंचे हैं।

वेदिका की सोमवार (27 जून) को मध्य प्रदेश के जबलपुर के एक निजी अस्पताल में मौत हो गई थी। वेदिका को कथित तौर पर उन्हें 16 जून को भाजपा नेता प्रियांश विश्वकर्मा ने गोली मार दी थी और वह 10 दिनों तक वेंटिलेटर पर रही थी।

16 जून को वेदिका अपनी दोस्त पायल के साथ मोबाइल फोन बेचने गई थी। हालांकि, अभी तक यह खुलासा नहीं हुआ है कि वह प्रियांश के ऑफिस तक कैसे पहुंची और उसे गोली क्यों मारी गई। घटना के वक्त वेदिका के साथ मौजूद पायल घटना के बाद से ही गायब है। 

पेशे से बिल्डर प्रियांश भाजपा से जुड़ा था। पुलिस के अनुसार, प्रियांश वेदिका के घायल शरीर के साथ लगभग छह घंटे तक घूमता रहा और अंत में शाम को उसे एक अस्पताल में छोड़कर भाग गया। उन्होंने 19 जून को धन्वंतरी पुलिस स्टेशन में आत्मसमर्पण कर दिया था।

शुरुआत में प्रियांश पर हत्या के प्रयास की धारा 307 के तहत आरोप लगाया गया और उसे जेल में डाल दिया गया। हालाँकि, वेदिका की मृत्यु के बाद, आरोपों को हत्या की धारा 302 में बदल दिया गया। वेदिका ने अपने इलाज के दौरान पुलिस को एक बयान दिया था, जिसमें पुष्टि की गई थी कि प्रियांश ने उसे अपने कार्यालय में गोली मार दी थी।

मध्य प्रदेश में भाजपा नेताओं ने यह कहते हुए प्रियांश से दूरी बना ली है कि वह पार्टी का सदस्य नहीं है, उसके सोशल मीडिया प्रोफ़ाइल पर कई तस्वीरें उसे भाजपा नेताओं के साथ दिखाती हैं। विपक्षी दल कांग्रेस ने आरोपी पर पार्टी से जुड़ा होने का आरोप लगाते हुए बीजेपी की आलोचना की है।