मध्यप्रदेश के पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता जीतू पटवारी की मुश्किलें बढ़ती नज़र आ रही हैं। विधायक जीतू पटवारी को लेकर कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। शासकीय कार्य में बाधा के मामले में पटवारी को दोषी ठहराया गया है। 2009 में राजगढ़ में कलेक्टर कार्यालय का घेराव करने के मामले में ये फैसला आया है।

सरकारी काम में बाधा डालने के मामले में जीतू पटवारी और उनके साथियों को दोषी करार देते हुए एक साल जेल की सजा सुनाई गई है। साथ ही 10 हजार का जुर्माना भी लगाया गया है।

दरअसल, राजगढ़ जिले में 2009 में युवा कांग्रेस के क्षेत्रीय अध्यक्ष रहते हुए जीतू पटवारी ने आंदोलन शुरू किया था। इसी बीच एक मामले में सरकारी कार्य में बाधा डालने, उत्पात मचाने समेत अन्य धाराओं को लेकर कोर्ट में सुनवाई हुई।

इस मामले में सुनवाई के दौरान एमपी एमएलए कोर्ट ने यह सजा सुनाई। जीतू पटवारी के साथ कांग्रेस विधायक कुणाल चौधरी, समर्थक और प्रदेश कांग्रेस विधि विभाग के अध्यक्ष अजय गुप्ता भी कोर्ट में मौजूद थे।