भोपाल: राज्य के विमान विभाग ने वर्तमान वित्तीय वर्ष में किराये के विमान एवं हेलीकाप्टर लेने के लिये 12 निजी एविएशन कंपनियों का एम्पेनलमेंट किया है। इन कंपनियों से 2 से 5 लाख रुपये प्रति घण्टा के हिसाब से किराये के वायुयान लिये जायेंगे। पिछले वित्त वर्ष में 8 निजी कंपनियों का एम्पेनलमेंट किया गया था तथा इस बार 12 कंपनियां दर्ज की गई हैं जिन्होंने पिछली बार के किराये से 15 प्रतिशत ज्यादा दरें दी हैं।

ये निजी कंपनियां जेट एवं प्रोपुलर वाले विमानों के साथ-साथ हेलीकाप्टर भी प्रदाय करेंगी। किराये की राशि देने के लिये विमानन विभाग ने 40 करोड़ रुपयों का बजट रखा है। चूंकि किराया उस स्थान से दिया जाता है जहां से वायुयान आया है और वापस लौटा है, इसलिये राज्य सरकार एक माह का अनुबंध कर भोपाल एयरपोर्ट पर ही निजी वायुयान रखती है तथा ऐसे वायुयान का प्रति दिन दो घण्टे का किराया देना अनिवार्य होता है, भले ही उसका उपयोग न किया जाये। 

चूंकी यह साल चुनावी साल है, इसलिये गवर्नर, सीएम व मिनिस्टर्स को वायुयान की ज्यादा जरुरत पड़ेगी। वैसे विमानन विभाग एम्पेनलमेंट वाली निजी कंपनियों से उनके वायुयान उनकी दरों के हिसाब से लेती है यानि जिस कंपनी की दर कम होती है, पहले उससे वायुयान लिया जाता है तथा उपलब्ध न होने पर अन्य कंपनी से जिसकी दर अपेक्षाकृत कम होती है, उससे वायुयान लेती है।

इन निजी कंपनियों का हुआ एम्पेनलमेंट :

विलो सिटी चार्टर प्रालि मुम्बई, एयरो क्राफ्ट सेल्स एण्ड चार्टर नई दिल्ली, सारथी एयरवेज नई दिल्ली, सांई एविएशन नासिक, सिम्सैंप एयरवेज मुम्बई, ट्रियमफेंट एविएशन नासिक, रेड बर्ड नई दिल्ली, ओएसएच एयर मेनेजमेंट नई दिल्ली, सिध्दि विनायक एविएशन नई दिल्ली, जेट सर्व एविएशन गुडग़ांव, चिपसन एविएशन नई दिल्ली तथा यूनिवर्सल एविएशन नई दिल्ली।