मध्यप्रदेश के वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने बुधवार को विधानसभा में राज्य का बजट प्रस्तुत किया। वित्त मंत्री ने सदन में पेपर लेस (ई-बजट) टैबलेट में पढ़ कर प्रस्तुत किया। यह शिवराज सरकार के चौथे कार्यकाल का अंतिम बजट है। 

बजट प्रस्तुतिकरण के दौरान वित्त मंत्री ने कहा प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में भारत ने शेर की तरह दहाड़ते हुए वैश्विक परिदृश्य पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। जहां आज दुनिया की मुख्य अर्थव्यवस्थाएं मंदी से जूझ रही हैं। वहां हमारा देश दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है।

भारत का 5 ट्रिलियन डॉलर की इकॉनोमी का लक्ष्य बेबुनियाद नहीं है। यह प्रदेश के लिए गौरव की बात है कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में प्रदेश भी गतिशीलता के साथ अपना योगदान संपूर्णता के साथ दे रहा है।

बजट में "लाड़ली बहना योजना" के लिए 8 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान प्रस्तावित किया गया है। महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और सक्षम बनाने की दिशा में यह योजना मील का पत्थर साबित होगी।

बजट के प्रमुख बिंदू इस प्रकार से रहे-

1.बजट में किसी नए कर का प्रस्ताव नहीं

2.जीडीपी में वृद्धि हुई प्रति व्यक्ति आय बढ़ी

3.देश की जीडीपी में मध्यप्रदेश का योगदान

4.संकट के बीच भारत तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था 

5.लाडली लक्ष्मी योजना उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहन

6.बजट तैयार करते समय जनता से भी सुझाव लिए गए

7. लाडली लक्ष्मी योजना में 44 लाख से ज्यादा बालिकाएं लाभान्वित 

8.सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण पर काम कर रही है

9.G-20 की बैठक एवं प्रवासी भारतीय सम्मेलन के लिए पीएम मोदी का धन्यवाद

10.लाड़ली लक्ष्मी योजना के लिए 929 करोड़ 

11.महिला स्व सहायता समूह के लिए 660 करोड़ 

12.आहार अनुदान योजना के लिए 300 करोड़ 

13.सीएम लाडली बहना योजना के लिए सात हजार करोड़ 

14.पात्र महिलाओं को मिलेंगे ₹1000 प्रति माह 

15.नारी कल्याण के लिए 1.2 लाख 976 करोड़

वित्त मंत्री के सम्बोधन की ख़ास बातें-

-नारी के सशक्त होने पर परिवार सशक्त होता है। परिवार के सशक्त होने पर प्रदेश सशक्त होता है और प्रदेश के सशक्त होने पर राष्ट्र सशक्त होता है।

-हमारी सरकार की कोशिश है कि प्रदेश की हमारी बहनें परिवार में नेतृत्व लेने की भूमिका में आए। इसके साथ ही अपनी जरूरतों के लिए आर्थिक रूप से किसी पर निर्भर न रहे। हमारी सरकार ने नारी मन की अबूझ व्यथा को संवेदनशीलता से समझा है।

-कन्या रत्न की किलकारी से लेकर उनके संपूर्ण जीवन काल में हमारी सरकार उनके साथ है। संतान के जन्म के पूर्व माताओं के पोषण की व्यवस्था, संस्थागत प्रसव पर आर्थिक सहायता, कन्या के जन्म पर लाड़ली लक्ष्मी योजना समेत अन्य योजनाएं चल रही हैं।
 
-इन योजनाओं के ही परिणाम हैं कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य परिवार सर्वे के अनुसार प्रदेश में 2015-16 की तुलना में वर्ष 2020-21 में जन्म के समय लिंगानुपात 927 से बढ़कर 956 हो चुका है

-वित्त मंत्री ने बताया राज्य के सकल घरेलू उत्पाद में वर्ष 2022-23 में अग्रिम अनुमानों के अनुसार 16.43% की वृद्धि हुई है। वहीं देश के सकल घरेलू उत्पाद में हमारे प्रदेश का योगदान विगत वर्षों में 3.6% से बढ़कर 4.8% तक हो चुका है।

-प्रदेश की प्रतिव्यक्ति आय 2011-12 में ₹30 हजार 497 थी, जो वर्ष 2022-23 अग्रिम में साढ़े तीन गुना अधिक बढ़कर ₹1 लाख 40 हजार 582 हो गई है।

-पीएम मोदी के नेतृ्त्व में भारत को #G20 समूह की अध्यक्षता करने का सम्मान मिला है। इस समूह की कृषि, संस्कृति समेत उप समूहों की 8 बैठकों का आयोजन मप्र को सौंपा गया है। इन आयोजनों से प्रदेश को लाभ होगा।

-प्रदेश के कुशल नेतृत्व पर विश्वास करते हुए। भारत सरकार ने इंदौर में जनवरी 2023 में प्रवासी भारतीय सम्मेलन के आयोजन का सम्मान दिया। दुनियाभर से आए 3500 से अधिक प्रतिनिधियों के स्वागत में हमने दिल और घरों से दरवाजे खोले।

-प्रदेश के कुशल नेतृत्व पर विश्वास करते हुए। भारत सरकार ने इंदौर में जनवरी 2023 में प्रवासी भारतीय सम्मेलन के आयोजन का सम्मान दिया। दुनियाभर से आए 3500 से अधिक प्रतिनिधियों के स्वागत में हमने दिल और घरों से दरवाजे खोले।

-वर्ष 2007 से आरंभ लाड़ली लक्ष्मी योजना में अब तक 44 लाख 39 हजार से अधिक लाड़लियां लाभान्वित हुई हैं। वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए ₹ 929 करोड़ का प्रावधान प्रस्तावित है।