तीन साल बाद राजधानी में फिर सूबे के सभी आईएएस अफसरों का जमावड़ा है। मौका है सर्विस मीट का, जो कोरोना से उभरी परिस्थितियों के चलते नही हो पा रही थी। इस सर्विस मीट की शुरूआत मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शुक्रवार को प्रशासन अकादमी में की और कहा कि सभी अफसर अपने परिवार को समय जरूर दें, क्योंकि परेशानियों में घर आने पर उत्साह मिलता है व तनाव कम होता है।

उन्होंने कहा कि अफसर व उनकी टीम तनाव में न रहे बल्कि प्रसन्न रहे। यदि आईएएस अफसर के मातहत पूरी टीम स्वस्थ व प्रसन्न रहे तो सारे काम बेहतर तरीके से हो सकेंगे। इसका खास ध्यान हर अफसर को रखना चाहिये। इसके अलावा अफसरों को चाहिये कि वे कर्मचारी कल्याण पर ध्यान दें। शिवराज ने अफसरों को सलाह दी कि वे नियमित योग करें इसे अपनी दिनचर्या का अपरिहार्य अंग बनाएं।

उन्होंने अधिकारियों को अपने लंबे संबोधन में कहा कि आप और हम मिलकर मध्यप्रदेश को प्रगति एवं विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जायेंगे। कोविड में टीम मप्र ने परिश्रम की पराकाष्ठा पार कर दी थी, इसके लिये टीम मप्र को बधाई। मुख्यमंत्री ने जन सेवा अभियान में डिंडोरी बड़वानी और सीहोर कलेक्टर की तारीफ की। मुख्यमंत्री ने कहा हमें विनम्र रहकर कार्य करना आना चाहिए। अंहकार शून्य रखकर कार्य करना चाहिए।

इस सर्विस मीट के तहत खेलकूद और सांस्कृतिक प्रतियोगिताएं होंगी। इसमें आइएएस अधिकारियों के साथ साथ उनके स्वजन भी भाग ले रहे हैं। गौरतलब है कि ऐसे कार्यक्रमों में आइएएस व आईपीएस अधिकारी अपने परिवार के साथ एक स्थान पर एकत्र होते हैं। विचार विमर्श के साथ खेलकूद, सांस्कृतिक सहित अन्य गतिविधियों में भाग लेते हैं। आज आईएएस सर्विस मीट के तहत भोपाल के अरेरा क्लब, कुशाभाऊ सभागार, बोट क्लब सहित अन्य स्थानों पर विभिन्न कार्यक्रम होंगे। इसके बाद आइपीएस सर्विस मीट तीन और चार फरवरी को होगी।