भाजपा की फायर ब्रांड नेता उमा भारती ने अपने उस बयान पर सफाई दी है जिसमे उन्होंने कहा था था कि मैं लोधी समाज को राजनीतिक बंधन से मुक्त करती हूं। मैं चुनाव में आऊंगी, मंच से संबोधित करूंगी, लेकिन यह नहीं कहूंगी कि लोधियों तुम भाजपा को वोट करो।

उमा के इस एक बयान से पार्टी में मची खलबली के बीच गुरुवार को उमा भारती की सफाई भी सामने आ गई है। उमा ने एक के बाद एक दस ट्वीट करते हुए यह बताया कि  बयान उन्होंने क्यों दिया था। साथ ही भाजपा द्वारा उन्हें साइडलाइन किये जाने पर भी करारा जवाब दिया है। 

उमा भारती ने ट्वीट कर कहा कि- 

दिनांक 25/12/2022 को मैं लोधी समाज के द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में गई। वहाँ मैंने जो भाषण दिया उसका एक अंश सोशल मीडिया में आ रहा हैं एवं अख़बारों में छप रहा हैं, उसके खंडन की ज़रूरत नही क्यूँकि मैंने ऐसा ही बोला है लेकिन मेरे भाषण के पहले के कुछ वाक्य बताना ज़रूरी हैं इसलिये ट्वीट कर रही हूँ । मैंने कहा, पिछले 2018 के मध्यप्रदेश के विधानसभा के चुनावों में कुछ विधानसभा क्षेत्रों से मेरी सभा से पहले लोधी समाज से कुछ फ़ोन मेरे ऑफ़िस में आये थे की दीदी की सभा रद्द कर दीजिये, हम यहाँ के बीजेपी के उम्मीदवार से नाराज़ हैं । उसी के जवाब में मैंने उस दिन ऐसा बोला है ।

यह बात मैंने सार्वजनिक तौर पर पहली बार नही बोली । आप याद करिये जब हम विधानसभा चुनाव हार गये और कॉंग्रेस का एक समूह हमारे साथ टूटकर आया एवं उसके सहारे हमने सरकार का गठन किया तथा मंत्रिमंडल बना । तब भी मैंने सार्वजनिक तौर पर बयान दिया था की।  इस मंत्रिमंडल में जाति एवं क्षेत्र का संतुलन बिगड़ा हुआ है । हिंदुत्व मेरी निष्ठा, भारत मेरा प्राण और संसार के सभी अभावग्रस्त लोग मेरे दिल में बसे हैं ।

मोदी मेरे नेता, भाजपा मेरी पार्टी है । मैंने कभी भाजपा नही छोड़ी। मुझे निकाला गया था। तब मैंने अपने कर्त्तव्य पथ पर चलते रहने के लिये राष्ट्रवादी विचार की धाराप्रवाह में ही अपना दल बनाया। फिर उस समय के भाजपा के अध्यक्ष नितिन जी के निमंत्रण पर जिसका मोदी जी ने भी समर्थन किया भारतीय जनशक्ति का भाजपा में विलय करते हुए मैं भाजपा में वापस आ गई। कॉंग्रेस को हमारे बीच में आने की ज़रूरत नही है , मुझे भाजपा साइडलाइन नही करती, मेरी अपनी एक सीधी लाइन है और मैं उसी पर चलती हूँ , स्वयं का मोक्ष एवं जगत का कल्याण। सूर्य की रोशनी, चंद्रमा की चाँदनी, हवा का झौंका, फूलों की सुगन्ध, नदी की तरंग और शक्कर की मिठास यह कभी साइडलाइन नही होते क्यूँकि यह अंदर बाहर सब तरफ़ रचे बसे होते हैं।

गौरतलब है किलोधी समाज के कार्यक्रम में उमा भारती ने कहा कि मैं चुनाव में आऊंगी, मंच से संबोधित करूंगी, लेकिन यह नहीं कहूंगी की आप भाजपा को वोट करें। मैं सभी से कहती हूं कि आप बीजेपी को वोट करें, क्योंकि मैं तो पार्टी की निष्ठावान सिपाही हूं। लेकिन मैं आपसे थोड़ी अपेक्षा करूंगी कि आप भी पार्टी के निष्ठावान सिपाही होंगे। आपको अपने आस-पास के हित देखने हैं। यदि आप पार्टी के कार्यकर्ता नहीं हैं, यदि आप पार्टी के वोटर नहीं हैं तो जाहिर है आपको सारी चीजें देखकर ही अपने बारे में फैसला करना है।