भोपाल. चीता स्टेट मध्य प्रदेश के पालपुर कूनो में चीता उदय की मौत का रहस्य बरकरार है. जंगल महकमा उदय की मौत का कारण हार्ट अटैक बता रहा है किंतु कुछ जानकार अधिकारियों का मानना है कि सनस्ट्रोक से भी मौत हो सकती है, क्योंकि इन दिनों श्योपुर में तापमान अधिक रहता है और लू भी चलने लगती है.

प्रधान मुख्य वन संरक्षक वन्य प्राणी  जेएस चौहान ने बताया कि अभी पोस्टमार्टम की रिपोर्ट नहीं आई है किंतु ब्लड टेस्ट और अन्य जांच के बाद चिकित्सक यही बता रहे हैं कि कार्डियो पल्मोनरी फेलियर के कारण चीता उदय की मौत हुई है. चौहान का कहना है कि  चीता के अन्य स्वास्थ्य मापदंडों के पीछे का कारण जानने के लिए विस्तृत पीएम रिपोर्ट और रक्त परीक्षण रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है. हालांकि कुछ रिटायर्ड अफसर बातचीत में यह आशंका जता रहे हैं कि सनस्ट्रोक के कारण भी मौत हो सकती है. 

इस संदर्भ में उनका तर्क है कि सनस्ट्रोक के कारण भी कार्डियक अरेस्ट आ सकता है. कुछ वैज्ञानिक अन्य रिपोर्टों से पहले किसी निष्कर्ष पर नहीं आना चाहते. वैज्ञानिकों का ऐसा भी मानना है कि  कैद में रहने का तनाव चीतों में दिल के दौरे का एक प्रमुख कारण है. जुलाई 2022 में जब उसे पकड़ा गया था तब वह स्वस्थ चीता था. लेकिन लंबे समय तक कैद में रहने के कारण वह तनाव में आ गया जिसके परिणामस्वरूप अचानक मौत हो गई.

इनका कहना

"कार्डियोपल्मोनरी विफलता एक लक्षण है, मौत के पीछे वास्तविक कारण नहीं है. रक्त के नमूने असली कारण बताएंगे. मैंने पशु चिकित्सकों के लक्षणों पर चर्चा की, जो उसका इलाज कर रहे थे. जिस तरह से वह बाड़े में चल रहा था, उसकी गर्दन अर्ध लकवाग्रस्त दिख रही थी. मैं कह सकता हूं कि वह बोटुलिज़्म के कारण मर गया होगा. यह भी भावना है कि विष या तो शिकार अथवा पानी के माध्यम से शरीर में प्रवेश कर गया और तंत्रिका तंत्र प्रभावित हो गया. 

-एड्रियन टोरडिफ, पशु चिकित्सक दक्षिण अफ्रीका