नेशनल हाई-स्पीड रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड के प्रबंध निदेशक एससी अग्निहोत्री ने कहा कि मुंबई-अहमदाबाद हाई-स्पीड ट्रेन (Mumbai-Ahmedabad Bullet Train) कॉरिडोर के पूरे गुजरात खंड के लिए ट्रायल रन 2026 में शुरू होगा और 2027 तक जनता के लिए उपलब्ध होगा। अग्निहोत्री ने आगे कहा कि, इस परियोजना की बढ़ी हुई लागत, भूमि अधिग्रहण के कारण समय सीमा चूकना और कोविड-19 महामारी समेत अन्य मुद्दों पर जापान सरकार के साथ विचार-विमर्श कर समाधान निकाला जाएगा।
Gujarat section of Mumbai-Ahmedabad bullet train to begin by 2027, says official
— ANI Digital (@ani_digital) April 12, 2022
Read @ANI Story | https://t.co/WIRjtJYyrs#Gujarat #Maharashtra #BulletTrain pic.twitter.com/JWW3hqDYS1
जानकारी के अनुसार, एससी अग्निहोत्री और भारत में जापान के राजदूत सतोशी सुजुकी ने मुंबई-अहमदाबाद हाई-स्पीड रेलवे परियोजना की स्थिति पर एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की। गुजरात, दादरा और नगर हवेली में पूरे मार्ग यानी 352 किलोमीटर के निर्माण के लिए 100 प्रतिशत सिविल अनुबंध भारतीय ठेकेदारों को दिए गए हैं। गुजरात में इसके आठ स्टेशन होंगे- इसमें वापी, बिलिमोरा, सूरत, भरूच, वडोदरा, आनंद/नडियाद, अहमदाबाद और साबरमती शामिल है।
इसमें 48,234 वर्गमीटर के निर्मित क्षेत्र के साथ, सूरत स्टेशन हाई-स्पीड रेलवे परियोजना के सबसे बड़े स्टेशनों में से एक होगा। सूरत अपने हीरा उद्योग के लिए प्रसिद्ध है, इसलिए स्टेशन का इंटीरियर हीरा पहलू का प्रतिनिधित्व करेगा। सूरत स्टेशन 2023 तक पूरा हो जाएगा और साथ ही इस योजना में सबसे पहले तैयार होने वाला यह पहला स्टेशन होगा।
इस परियोजना ने 1.20 लाख प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित किए हैं। इस परियोजना ने राज्य में 20,000 प्रत्यक्ष रोजगार और लगभग एक लाख अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित किए हैं। जापानी राजदूत सातोशी ने कहा कि, उन्होंने इस परियोजना के माध्यम से भारत को प्रौद्योगिकी हस्तांतरित करने पर जोर दिया है।