उत्तरकाशी टनल हादसे में फंसे 41 मजदूरों को निकालने का काम अब अपने आखिरी पड़ाव पर है। ऐसे में चारों ओर खुशी का माहौल है। श्रमिकों के निकलने के बाद उनका स्वागत करने के लिए फूल मालाएं भी लाई गई हैं।
इसी बीच एनडीएमए के सदस्य लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन ने प्रेस कांफ्रेंस कर बताया कि अब 58 मीटर तक ड्रिलिंग हो गई है। रातभर काम किया गया है, हमारी टीम बहुत ही मुश्किल काम कर रही है। 58 मीटर तक जाना ये अभूतपूर्व उपलब्धि है। अभी 2 मीटर और जाना है तब हम कह सकते हैं कि हम आर पार हो गए हैं। सभी सुरक्षा एहतियात बरते गए हैं। किसी भी बात की जल्दबाज़ी नहीं की जा रही है।
उत्तरकाशी सुरंग त्रासदी के 17वें दिन बड़ी सफलता मिली है। आखिरकार सुरंग में फंसे 41 मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए एक एस्केप टनल का निर्माण किया गया है। ताजा जानकारी के मुताबिक कुछ ही घंटों में सभी मजदूरों को टनल से बाहर निकाल लिया जाएगा।
सिल्क्यारा सुरंग से श्रमिकों को निकालने के बाद उन्हें एयरलिफ्ट करने के लिए चिन्यालीसौड़ हवाई पट्टी पर एक चिनूक हेलीकॉप्टर भी तैनात किया गया है।