भोपाल। राज्य सरकार यात्री बसों में महिलाओं एवं बच्चों को किराये में रियायत देने की रुपरेखा तैयार कर रही है। इसके लिये राजकीय खजाने से भरपाई करने का भी प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है।

इस रियायत को देने की पहल महिला एवं बाल विकास विभाग ने की है। दरअसल काफी साल पहले सरकारी नियंत्रण वाला परिवहन निगम था जिसकी यात्री बसें चलती थीं। उस समय ऐसी रियायत दी जाती थीं। लेकिन अब परिवहन निगम एवं उसकी बसें चलना बंद हो गई हैं तथा निजी क्षेत्र द्वारा यात्री बसें चलाई जा रही हैं। प्रदेश के बड़े नगर निगमों में उनके द्वारा संचालित लाल नगर वाहन भी चलाये जा रहे हैं। इन लाल बसों में महिलाओं को किराये में छूट देने की कवायद तो चल ही रही है परन्तु अब बच्चों को किराया न देना पड़े, इसके लिये भी एक्सरसाईज की जा रही है।

लाल बसों एवं अन्य निजी यात्री बसों में महिलाओं एवं बच्चों को किराये में रियायत मिले इसके लिये महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा बजट का भी आंकलन किया जा रहा है जिससे इस रियायत की प्रतिपूर्ति की जा सके। इसके अलावा, परिवहन विभाग को भी यह प्रस्ताव भेजा जायेगा क्योंकि किराये में रियायत का निर्धारण वही करता है।