बहुचर्चित श्रद्धा हत्याकांड में पुलिस की जांच अब पांच राज्यों तक फैल गई है। दिल्ली पुलिस सबूत ढूंढने के लिए पांच राज्यों में छापेमारी कर रही है, लेकिन अभी तक कोई अहम सबूत हाथ नहीं लगे हैं। वहीं आज पुलिस आफताब का नार्को टेस्ट करा सकती है। 

श्रद्धा की गुमशुदगी की सूचना सबसे पहले मुंबई के मानिक नगर पुलिस स्टेशन में मिली थी। जब मुंबई पुलिस ने महरौली पुलिस से संपर्क साधा तब जाकर जांच शुरू हुई और मामले का खुलासा हुआ। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ती गई इसका दायरा दिल्ली, मुंबई, गुरुग्राम, देहरादून और हिमाचल प्रदेश के शहरों तक फैल गया, इसलिए इन जगहों पर अलग-अलग पुलिस टीम रवाना हुई है।
 
वहीं, दिल्ली पुलिस की एक टीम तीन दिन से मुंबई में है। पुलिस ने चार लोगों के के बयान दर्ज किए हैं। इन्होंने श्रद्धा-आफताब के रिश्तों के बारे में पुलिस को महत्वपूर्ण जानकारी दी है। इसमें दो वे लोग हैं जिनसे पालघर में श्रद्धा ने आफताब से पिटाई के बाद सहायता मांगी थी। इसके अलावा एक श्रद्धा की सहेली और पूर्व सहकर्मी शामिल हैं। साथ ही इन्होंने मुकदमे में गवाह होने पर भी रजामंदी दी है। वहीं, पुलिस की टीम आफताब के परिवार से मिलने वसई के फ्लैट में गई, लेकिन परिवार लापता था। 

आफताब ने अपने फोन की गूगल लोकेशन को बंद कर दिया था। जांच में सामने आया कि उसके फोन से 10 मई से अब तक की लोकेशन नहीं मिली है, लेकिन कॉल डिटेल्स रिकॉर्ड से इसका खुलासा हुआ है। वहीं, पुलिस ने फोन की आईएमईआई नंबर की जांच की है। इसमें मालूम हुआ कि आफताब ने कई सिम कार्ड का इस्तेमाल किया था। हालांकि, उसने इसके इस्तेमाल की वजह नहीं बताई। फिलहाल उसने सभी सिम कार्ड को शौचालय में बहाने की बात कही है।