भोपाल:

आत्महत्या से पहले वह कॉलेज से पेपर देकर लौटी थी। पुलिस को घटनास्थल से सुसाइड नोट नहीं मिला है। परिजन से पूछताछ में यह बात सामने आई कि उसका पेपर बिगड़ गया था। वह पेपर बिगड़ने से दुखी थी।

टीआई वीरेंद्र सिंह चौहान के अनुसार 22 साल की मनीषा अहिरवार पिता मोतीलाल अहिरवार रविदास कॉलोनी में रहती थी। उसके पिता मजदूरी करते हैं। घर में मनीषा के अलावा उसकी मां-पिता और चार अन्य भाई बहन है। 

मनीषा नूतन कॉलेज से बीकॉम सेकंड ईयर की पढ़ाई कर रही थी। इन दिनों बीकॉम की परीक्षा चल रही है। 

शुक्रवार दोपहर वह परीक्षा देकर घर लौटी थी पेपर बिगड़ने के कारण वह दुखी थी। उसने पेपर बिगड़ने की बात परिजन से भी की थी। इसके बाद शाम करीब 6 बजे मनीषा ने अपने कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। परिजन ने उसे फांसी के फंदे पर लटका देख पुलिस को सूचना दी थी। 

सूचना पर पहुंची पुलिस ने मनीषा का शव बरामद की पीएम के लिए भेज दिया था। आज पीएम के बाद परिजन को शव सौंपा जाएगा।