संसद का बजट सत्र आज से शुरू हो रहा है. राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित कर रहे हैं और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 2021-22 के लिए आर्थिक सर्वेक्षण पेश करेंगी. संसद शुरू होने से पहले पीएम मोदी ने मीडिया को संबोधित किया. बजट सत्र शुरू होने से पहले पीएम मोदी ने कहा कि भारत के लिए कई मौके हैं. भारत में टीकाकरण अभियान ने दुनिया में विश्वास पैदा किया है। सभी सांसद, दल मेरी खुलकर चर्चा करते हैं। बजट सत्र देश के विकास का अवसर है। बार-बार चुनाव सत्र को प्रभावित करते हैं।

वित्त मंत्री 1 फरवरी को वित्त वर्ष 2022-23 का केंद्रीय बजट पेश करेंगी। सोमवार को सर्वदलीय बैठक बुलाई गई है। कोविड महामारी की तीसरी लहर को देखते हुए पहले चरण के सत्र के दौरान लोकसभा और राज्यसभा के सत्र दिन के अलग-अलग समय पर आयोजित किए जाएंगे ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोविड संबंधी सामाजिक दूरी के नियमों का पालन किया जा रहा है.


बजट सत्र के पहले दो दिनों में शून्यकाल और प्रश्नकाल नहीं होगा। कहा जा रहा है कि बजट सत्र हंगामेदार रहने की संभावना है। मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने बजट सत्र में कोरो प्रभावित परिवारों के लिए राहत पैकेज, महंगाई, बेरोजगारी, किसानों के मुद्दों, चीन के साथ सीमा पर गतिरोध और कुछ अन्य मुद्दों पर सरकार को घेरने का फैसला किया है.

अनंत नागेश्वरन पर नजर रखेगी नए सीईए
बजट से एक दिन पहले, मुख्य आर्थिक सलाहकार (सीईए) के नेतृत्व में एक टीम आज जारी होने वाले आर्थिक सर्वेक्षण को तैयार करती है। बता दें कि केंद्र सरकार ने पिछले हफ्ते अर्थशास्त्री वी अनंत नागेश्वरन को सीईए नियुक्त किया था। अनंत नागेश्वरन इससे पहले क्रेडिट सुइस और जूलियस बियर ग्रुप में अधिकारी रह चुके हैं। सुब्रमण्यम का कार्यकाल दिसंबर 2021 में समाप्त हुआ था।

संसद का बजट सत्र आज यानी सोमवार से शुरू हो गया है। इसकी शुरुआत राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के संबोधन से हुई। वे संसद के दोनों सदनों को संबोधित कर रहे हैं। सत्र की शुरुआत से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संसद पहुंचे। उन्होंने यहां मीडिया को संबोधित किया। उन्होंने सांसदों से कार्यवाही में शामिल होने और चर्चा में भाग लेने की अपील की।

मोदी ने कहा, 'आज बजट सत्र का प्रारंभ हो रहा है। मैं सभी साथियों का स्वागत करता हूं। आज की वैश्विक परिस्थिति में भारत के लिए बहुत अवसर मौजूद हैं। यह बजट विश्व में सिर्फ भारत की आर्थिक प्रगति, भारत का वैक्सीनेशन प्रोग्राम, हमारी बनाई हुई वैक्सीन, पूरी दुनियाभर में एक विश्वास पैदा कर रही है।'