मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के संबोधन के साथ मध्य प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में चम्पक झील के सामने सभा स्थल पर सुबह 10.30 बजे बैठक शुरू हुई. अभिभाषण के बाद सरकार की 14 जनकल्याण योजनाओं पर मंत्रियों के समूह की समिति की सिफारिशों पर चर्चा शुरू होगी. आज शाम सात बजे तक चलने वाली बैठक में प्रत्येक कार्यक्रम के लिए करीब आधे घंटे का समय निर्धारित है। बैठक कल भी जारी रहेगी।
हमने तय किया कि पचमढ़ी के प्राकृतिक सौंदर्य के बीच बैठकर बिना किसी आडंबर के हम गंभीर चिंतन करेंगे, कल शाम तक यह चिंतन चलेगा। निश्चित तौर पर इस चिंतन मंथन से जो अमृत निकलेगा, उसको हम जनता के बीच बाटेंगे, जनता के कल्याण के लिए, प्रदेश के विकास के लिए इसका उपयोग करेंगे। pic.twitter.com/GX2zYYKyJB
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) March 26, 2022
इसलिए मेरा कहना है कि 2 दिन सारी चिंताएं छोड़ कर कॉन्स्टिटुएंसी में क्या हो रहा है, क्षेत्र और दुनिया में क्या हो रहा है। वह सब ठीक-ठाक हो जाएगा उसकी चिंता ना करें।
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) March 26, 2022
हम शरीर मन बुद्धि और आत्मा यही केंद्रित करें।
#पचमढ़ी में आयोजित चिंतन बैठक से पहले आज कैबिनेट के साथी मंत्री गणों ने पौधरोपण किया। मैंने गुलमोहर का पौधा रोपित किया। यह पौधे प्रकृति का सौंदर्य ही नहीं बढ़ाएंगे, बल्कि चिंतन बैठक की अनमोल स्मृतियों को संजोकर सदैव ताजा बनाए रखेंगे।#OnePlantADay pic.twitter.com/Mpg2RKMC3p
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) March 26, 2022
कैबिनेट बैठक को लेकर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। राजधानी भोपाल के जिला प्रशासन के आला अधिकारियों और अधिकारियों को तैनात किया गया है. केवल विशेष पास धारक अधिकारियों को ही बैठक स्थल पर जाने की अनुमति दी जा रही है. सुरक्षा व्यवस्था के प्रभारी अधिकारी के अनुसार सीएम की बैठक के दौरान किसी को भी कार्यक्रम स्थल पर जाने की अनुमति नहीं होगी.
बैठक में सीएम शिवराज ने कहा, मित्रों चिंतन बैठक में आप सब का स्वागत है बिना किसी तामझाम के, कई बार मंत्रियों की बैठक होती है तो ए.सी. टेंट, डोम पता नहीं क्या-क्या व्यवस्था करने की कल्पना होती है। लेकिन हमने तय किया है सतपुड़ा पर्वत श्रंखला में स्थित यह अपनी पचमढ़ी इसके प्राकृतिक सौंदर्य के बीच बैठकर इस प्राकृतिक वातावरण में बिना किसी आडंबर के हम गंभीर चिंतन करेंगे, कल शाम तक हमारा चिंतन चलेगा और लगातार हमको सोचना भी है फैसले भी करने हैं गहराई से चिंतन होगा और निश्चित तौर पर इस चिंतन मंथन से जो अमृत निकलेगा, उसको हम जनता के बीच बाटेंगे, जनता के कल्याण के लिए, प्रदेश के विकास के लिए इसका उपयोग करेंगे। इसलिए मेरा कहना है कि 2 दिन सारी चिंताएं छोड़ कर कॉन्स्टिटुएंसी में क्या हो रहा है। क्षेत्र में क्या हो रहा है, दुनिया में क्या हो रहा है। वह सब ठीक-ठाक हो जाएगा उसकी चिंता ना करें। हम शरीर मन बुद्धि और आत्मा यही केंद्रित करें, मैं प्रारंभ में एक बात कहना चाहता हूं। और वह आप गहराई से आत्मसात कर ले।
ॐ असतो मा सद्गमय।
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) March 26, 2022
तमसो मा ज्योतिर्गमय।
मृत्योर्मा अमृतं गमय।
ॐ शान्तिः शान्तिः शान्तिः॥
ईश्वर की प्रार्थना अंधकार से प्रकाश की ओर बढ़ते रहने की प्रेरणा और योग असीम ऊर्जा का स्रोत है। परमपिता ईश्वर से प्रार्थना है कि सभी का कल्याण करें, कृपा दृष्टि बनाए रखें।#पचमढ़ी pic.twitter.com/mXsE3a2CnO
मप्र पर्यटन बोर्ड के चंपक बंगले में मंत्रियों के ठहरने की व्यवस्था की गई है। मुख्यमंत्री रविशंकर भवन में अलग-अलग होटलों में ठहरे हुए हैं. सीएम शिवराज सिंह चौहान ने सुबह योग किया, उन्होंने योग करते हुए एक वीडियो ट्वीट किया और लिखा कि योग न केवल शरीर को स्वस्थ रखता है, बल्कि मन और आत्मा को भी शांति देता है। योग करें, स्वस्थ रहें। उन्होंने पचमढ़ी की प्राकृतिक सुंदरता की भी प्रशंसा की और लिखा कि प्रकृति की गोद में स्थित पचमढ़ी की सुंदर सुबह, पक्षियों की चहकती और सतपुड़ा की प्राकृतिक सुंदरता मन को प्रसन्न करती है और मन को शांति देती है। मेरा मध्य प्रदेश बहुत ही अनोखा है।
शुक्रवार की देर रात मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान अपने कैबिनेट सहयोगियों के साथ सुबह एक बजे पचमढ़ी पहुंचे. जनकल्याणकारी योजनाओं पर दो दिन मंथन होगा। पचमढ़ी के लिए रवाना होने से पहले मुख्यमंत्री ने कहा कि दो दिवसीय मंथन में हम एक मन से विचार-विमर्श करेंगे और एकाग्रता के साथ लक्ष्य की प्राप्ति के लिए एक दिशा में संकल्प लेंगे. इसके बाद राज्य को तेजी से विकास के पथ पर कैसे आगे बढ़ाया जाए और समाज के सभी वर्गों का कल्याण कैसे सुनिश्चित किया जाए, इसकी रूपरेखा तैयार की जाएगी। निश्चय ही इस मंथन से अमृत ही निकलेगा। शिवराज सिंह शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के लिए लखनऊ में थे. वहां से लौटने में देरी के कारण रात 9 बजे मंत्रियों के साथ भोपाल से पचमढ़ी के लिए निकल पाए, उनका समय रात 8 बजे तय किया गया.