श्रद्धा वॉकर की हत्या के मामले में एक सामाजिक कार्यकर्ता ने दावा किया है कि श्रद्धा पर अपने लिव-इन पार्टनर आफताब पूनावाला को धोखा देने का शक है। मुंबई में समुद्र तट के सफाई अभियान में श्रद्धा से जुड़ी एक सामाजिक कार्यकर्ता श्रेया धरगलकर ने कहा कि सफाई अभियान के दौरान श्रद्धा बहुत शांत थीं। एक एनजीओ चलाने वाली श्रेया ने कहा कि श्रद्धा भी वित्तीय समस्याओं का सामना कर रही थीं और अक्सर आफताब से उनकी झड़प होती रहती थी। उन्होंने दावा किया कि श्रद्धा एक छोटा परिवार और बच्चे चाहती थीं, ये उनका सपना था।

आफताब पूनावाला ने कथित तौर पर इस साल मई में श्रद्धा की गला दबाकर हत्या कर दी थी और उसके शरीर को 35 टुकड़ों में काटने के बाद दक्षिणी दिल्ली के महरौली के उसके घर में लगभग तीन सप्ताह तक 300 लीटर की क्षमता वाले फ्रिज में रखा था। इसके बाद उसने कई दिनों तक श्रद्धा के शरीर के इन टुकड़ों को दिल्ली में अलग-अलग जगहों पर फेंका था।

दिल्ली पुलिस ने आफताब को गिरफ्तार कर लिया है। मंगलवार को उसे दक्षिणी दिल्ली के छतरपुर के जंगलों में ले जाया गया और ये पता लगाने की कोशिश की गई कि श्रद्धा के शरीर के अंगों को कहां फेंका गया है। श्रेहा धरगलकर ने मराठी अभिनेत्री माधुरी संगीता पाटिल के साथ मिलकर पिछले साल मुंबई के जुहू, वर्सोवा और अक्सा समुद्र तटों पर स्वच्छता अभियान चलाया। उन्होंने कहा कि स्वच्छता अभियान में शामिल श्रद्धा मुंबई के मलाड स्थित एक कॉल सेंटर की नौकरी नहीं छोड़ना चाहती थीं।

उन्होंने बताया कि आफताब उसे ऐसा करने के लिए मजबूर करता था और कहता है कि उसे मुंबई और वसई से दूर चले जाना चाहिए, जहाँ उसका परिवार रहता है। श्रेया के मुताबिक, आफताबफत को डर था कि श्रद्धा के माता-पिता उसके खिलाफ पुलिस में जा सकते हैं। श्रेया ने कहा कि श्रद्धा कई चीजों को लेकर चिंतित रहती थीं। मैंने उससे उदासी का कारण पूछा तो उसने कहा कि वह तनाव में थी। उसने कहा कि उसे आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। श्रेया के मुताबिक, श्रद्धा ने अपने लिव-इन रिलेशनशिप के बारे में नहीं बताया, लेकिन कहा कि उनका बॉयफ्रेंड चाहता था कि वह मुंबई और महाराष्ट्र छोड़ दे।