भारतीय संस्कृति को बढ़ावा देने की मंशा से राज्य सरकार ने खजुराहो के साथ सतना के चित्रकूट में श्री राम वन के नाम से संस्कृति वन बनाने की स्वीकृति मिल गई है. 10 करोड़ की लागत से 8 हेक्टेयर में बनने वाले श्री राम वन भी 10 साल के अंदर मूर्ति रूप लेगा. पहले चरण में राशि स्वीकृत की जाएगी.
https://drive.google.com/file/d/1b-ugaDVfnbH8rNn75WJFAg3E4gSSsjXj/view?usp=share_link
चित्रकूट में बनने वाले श्री राम वन में रामायण से जुड़े चित्र धार्मिक महत्त्व वाले पौधे, और मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम के वनवास काल के रामायण का वृतांत चित्रों के माध्यम से प्रस्तुत किया जाएगा. इसी प्रांगण में सीता हरण का प्रसंग भी देखने को मिलेगा. इसके अलावा भगवान राम से जुड़ी तमाम कलाकृतियों को भी यहां संजोया जाएगा, ताकि दर्शनार्थियों को एक स्थान पर भगवान श्रीराम से जुड़ी स्मृतियां देखने को मिल सके.
धार्मिक महत्व के पौधे होंगे खास-
श्रीराम वन में धार्मिक महत्व वाले 4000 पौधे लगाए जाएंगे. वनवास काल के समय भगवान श्रीराम, सीता और लक्ष्मण द्वारा धार्मिक महत्व वाले पौधे लगाए गए थे जिनका रामायण में उल्लेख मिलता है. संस्कृति वन के अंदर एक वाटिका तैयार करने का प्लान है जिसे रामलला वाटिका का नाम दिया जाएगा. आध्यात्मिक वन, नक्षत्र वन, राशि वन और आरोग्य वन बनाया जाएगा.