भारत में होने वाले वनडे वर्ल्ड कप की ओपनिंग सेरेमनी 4 अक्टूबर को अहमदाबाद में होगी। ओपनिंग सेरेमनी शहर में कहां होगी, ये अब तक तय नहीं है, लेकिन इसे नरेंद्र मोदी स्टेडियम में ही आयोजित कराने की चर्चाएं चल रही हैं। इसी स्टेडियम में अगले दिन इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बीच ओपनिंग मैच भी खेला जाएगा। दोनों टीमें 2019 के पिछले वनडे वर्ल्ड कप के फाइनल में भी भिड़ी थीं। वर्ल्ड कप 5 अक्टूबर से 19 नवंबर तक भारत के 10 शहरों में खेला ओपनिंग और फाइनल मैच अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी
स्टेडियम में ही खेला जाएगा।
4 अक्टूबर को सेरेमनी, 3 को 6 टीमों के वॉर्म अप मैच
ओपनिंग सेरेमनी के दौरान 6 टीमों के कप्तानों को जल्दबाजी में अहमदाबाद पहुंचना होगा क्योंकि 6 टीमें सेरेमनी के एक दिन पहले ही 3 अक्टूबर को किसी और शहर में वॉर्म-अप मैच खेल रही होंगी। ऐसे में इन टीमों के कप्तानों को मैच खत्म होते ही अहमदाबाद के लिए रवाना होना होगा। वहीं बाकी 4 टीमों के कप्तान 4 अक्टूबर की सुबह ही अहमदाबाद पहुंच जाएंगे। 3 अक्टूबर को भारत- नीदरलैंड के बीच तिरुवनंतपुरम, ऑस्ट्रेलिया-पाकिस्तान के बीच हैदराबाद और श्रीलंका-अफगानिस्तान के बीच गुवाहाटी में वॉर्म-अप मैच खेले जाएंगे। यानी भारत से कप्तान रोहित शर्मा, नीदरलैंड से स्कॉट एडवर्ड्स, ऑस्ट्रेलिया से पैट कमिंस, पाकिस्तान से बाबर आजम, श्रीलंका से दसुन शनाका और अफगानिस्तान से हसमतुल्लाह शाहिदी को मैच खत्म होते ही अहमदाबाद पहुंचना होगा।
2011 के दौरान ढाका में हुई थी ओपनिंग सेरेमनी
वनडे वर्ल्ड कप 12 साल बाद एशिया में आयोजित हो रहा है। इससे पहले 2011 में भारत, श्रीलंका और बांग्लादेश की संयुक्त मेजबानी में वर्ल्ड कप हुआ था। तब बांग्लादेश के ढाका शहर में ओपनिंग सेरेमनी आयोजित की गई थी। एशिया की झलक दिखाने के लिए सभी टीमों के कप्तानों को रिक्शा पर बैठाकर स्टेज तक लाया गया था। इसी तरह का माहौल इस बार भी 4 अक्टूबर के दिन देखने को मिल सकता है।
2011 के वनडे वर्ल्ड कप में कैप्टंस डे सेरेमनी के दौरान सभी कप्तान रिक्शा पर स्टेज तक पहुंचे थे। तस्वीर भारत के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (काला सूट) की है। 30 अगस्त से एशिया कप शुरू हो रहा और इसके खत्म होने के 17 दिन बाद ही भारत में क्रिकेट वर्ल्ड कप शुरू हो जाएगा। ये दोनों टूर्नामेंट वनडे फॉर्मेट में है। यानी अगला ढाई महीना 50-50 ओवर के क्रिकेट मैचों का। हालांकि वनडे-फॉर्मेट को लेकर चिंता कुछ और ही है।