भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच पहली बार्डर-गावस्कर ट्रॉफी गुरुवार से शुरू होगी। पहले टेस्ट से पहले, हम ऑस्ट्रेलियाई सितारों पर एक नज़र डालते हैं, वो कौन से ऑस्ट्रेलियाई प्लेयर्स हैं जो श्रृंखला के दौरान प्रभाव छोड़ सकते हैं और भारत को प्रत्येक रन, विकेट या जीत के लिए कड़ी मेहनत करवा सकते हैं।

स्टीव स्मिथ

इस ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजी स्टार का भारतीय परिस्थितियों में एक असाधारण बल्लेबाजी रिकॉर्ड है। छह मैचों और 12 पारियों में उन्होंने 60.00 की औसत से 660 रन बनाए हैं। उनके बल्ले से तीन शतक और एक अर्धशतक निकला है, जिसका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 178* है। इतने नंबरों के साथ स्मिथ एक स्पष्ट खतरा हैं।  भारतीय गेंदबाजों को उन्हें मात देने के लिए अच्छी रणनीति बनानी होगी।

उस्मान ख्वाजा

ख्वाजा का अब तक भारत के खिलाफ टेस्ट रिकॉर्ड अच्छा नहीं रहा है, लेकिन 2022 की शुरुआत में वापस बुलाए जाने के बाद से वह लंबे प्रारूप के प्रमुख खिलाड़ियों में से एक रहे हैं। उन्होंने 11 मैचों में 67.50 की औसत से चार शतक और पांच अर्द्धशतक के साथ 1,080 रन बनाए और करियर का सर्वश्रेष्ठ 195। यह देखना दिलचस्प होगा कि वह इस बार उपमहाद्वीप की परिस्थितियों में कैसा प्रदर्शन करेगा।

मार्केस लबुशेन 

दुनिया के नंबर एक टेस्ट बल्लेबाज का भारत के खिलाफ अच्छा रिकॉर्ड है। उन्होंने पांच मैचों में दो अर्द्धशतक लगाने  के साथ 464 रन बनाए हैं। उनके शॉट्स की रेंज, क्रीज पर लंबे समय तक टिके रहने की क्षमता और अच्छी शुरुआत को बड़े स्कोर में बदलने की क्षमता से निश्चित रूप से बड़ खतरा साबित हो सकते हैं।

नाथन लायन

भारत की स्पिन के अनुकूल परिस्थितियों में, लायन की क्षमता और सफल होने की संभावना पर बहुत कम संदेह है। वह पहले ही सात मैचों में 34 विकेट ले चुका है। निस्संदेह वह भारत के लिए सबसे बड़ा खतरा होंगे।

स्कॉट बोलैंड

स्कॉट बोलैंड अब तक के छोटे टेस्ट करियर में काफी प्रभावशाली रहे हैं। वह पहले ही छह मैचों में 28 विकेट ले चुके हैं। वे हर 30 गेंदों पर एक विकेट भी ले सकते हैं। जोश हेजलवुड, मिचेल स्टार्क और कैमरून ग्रीन जैसे खिलाड़ियों की गैरमौजूदगी में वह ऐसे खिलाड़ी हैं जो वास्तव में सफल होना चाहेंगे।