T20 वर्ल्ड कप 2022 के दूसरे सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ 10 विकेट की हार ने टीम इंडिया के 11 साल बाद आईसीसी खिताब जीतने के सपने को खत्म कर दिया और इसके साथ ही दुनिया भर में लाखों भारतीय प्रशंसकों का दिल भी तोड़ दिया है। गेंदबाजों में लय की कमी दिखी और गेंदबाज एक विकेट भी हासिल नहीं कर सके।
इंग्लैंड ने टॉस जीतकर गेंदबाजी करने का फैसला किया। भारत ने 20 ओवर में 6 विकेट पर 168 रन बनाए। लक्ष्य का पीछा करते हुए इंग्लैंड ने 16 ओवर में एक भी विकेट खोए बिना 170 रन बनाकर फाइनल में जगह बना ली। इंग्लैंड की बल्लेबाजी के दौरान भारतीय टीम ने एक बार भी संघर्ष नहीं किया। ग्रुप स्टेज में टॉप करने वाली टीम इंडिया ने आसानी से मैच को जाने दिया। ऐसा नहीं है कि भारत ने इंग्लैंड को छोटा लक्ष्य दिया था, बल्कि कप्तान रोहित शर्मा की गलतियां टीम के लिए भारी पड़ गईं।
भारतीय गेंदबाजी भी कोई खास कमाल नहीं दिखा सकी। मैच के दौरान कभी ऐसा लगा ही नहीं कि इंग्लैंड को रनों के लिए संघर्ष करना पड़ा हो। वहीं इंडियन बॉलर्स विकेट के लिए तरसते दिखाई दिए। इस दौरान भारतीय स्पिनर युजवेंद्र चहल की कमी साफ तौर पर महसूस की गई। उनको टीम में जगह न दिए जाने को भी भारत की हार से जोड़कर देखा जा रहा है।
टीम के विशेषज्ञ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन बेहद मंहगे साबित हुए जिसका नतीजा यह रहा कि उन्हें दो ओवर ही मिल पाए जिसमें उन्होंने 27 रन लुटाए। वहीं किफायती गेंदबाजी कर रहे अर्शदीप को चार ओवरों का पूरा कोटा ही नहीं दिया गया। उन्हें दो ओवर ही दिए गए जिसमें इंग्लिश बल्लेबाज़ केवल 15 रन ही बना सके।
इंग्लैंड के खिलाफ मैच में भारतीय बल्लेबाजों ने 42 गेंदें डॉट खेली। यानी भारतीय बल्लेबाज सात ओवर में एक भी रन नहीं बना सके। कप्तान रोहित शर्मा और केएल राहुल टीम को अच्छी शुरुआत नही दिला सके। राहुल ने 100 के स्ट्राइक रेट से रन बनाये वहीं रोहित का स्ट्राइक रेट तो 100 से भी काम रहा जो T-20 में किसी गुनाह से कम नहीं।