भोपाल। राज्य के जल संसाधन विभाग की परियोजनाओं को प्रशासकीय स्वीकृति के लिये साधिकार समिति के समक्ष पेश करते समय इस परियोजना से मिलने वाले लाभों का भी अब उल्लेख करना होगा। इसके लिये साधिकार समिति के सचिव एवं मुख्य अभियंता बोधी जीपी सोनी ने सभी मुख्य अभियंताओं को निर्देश जारी कर दिये हैं।
जारी निर्देश में कहा गया है कि साधिकार समिति (जल संसाधन विभाग) की 60 वीं बैठक की अध्यक्षता करते हुये मुख्य सचिव द्वारा निर्देश दिये गये हैं कि भविष्य में साधिकार समिति के समक्ष प्रशासकीय स्वीकृति हेतु प्रस्तुत की जाने वाली परियोजनाओं में लगने वाले आवश्यक व्यय जैसे कि रख रखाव एवं विद्युत खपत इत्यादि का आंकलन भी तालिका में प्रस्तुत किया जावे तथा परियोजना से अन्य लाभों जैसे कि मत्स्य/पर्यटन/जलाशय में उपलब्ध भूमि इत्यादि से होने वाले लाभों का आंकलन कर संक्षेपिका में उल्लेखित किया जावे। साथ ही सिंचाई परियोजनाओं से संभावित लाभों के आंकलन हेतु लोक परिसम्पत्ति प्रबंधन विभाग की सहायता ली जावें।