भोपाल: शमशान घाटों एवं कब्रिस्तानों में कोविड प्रोटोकाल से हुई अंत्येष्टि की जानकारी लेने का राज्य सरकार के पास विधिक प्रावधान नहीं है। यह जानकारी सोलह माह बाद राज्य सरकार ने विधानसभा में प्रदान की है।

दरअसल विधायक मुकेश रावत एवं आरिफ अकील ने पिछले साल वर्षाकालीन सत्र में 12 अगस्त 2021 को विधानसभा में सवाल पूछे थे कि मार्च 2021 से 30 जून 2021 के बीच जिला अलीराजपुर एवं जिला भोपाल की अलग-अलग तहसीलों में स्थित शमशानों और कब्रिस्तानों में कितने-कितने मृतकों का अंतिम संस्कार कोविड-19 प्रोटोकाल के तहत किया गया।

लेकिन उस समय नगरीय प्रशासन मंत्री भूपेन्द्र सिंह ने यह जानकारी न देकर अपने लिखित जवाब में कहा कि इस सवाल की जानकारी एकत्रित की जा रही है। परन्तु अब इस सवाल की जानकारी विभाग द्वारा दे दी गई है जिसमें साफ तौर पर कह दिया गया है कि ऐसे अंतिम संस्कारों की जानकारी संकलित करने का विधिक प्रावधान न होने से प्रमाणिक जानकारी नहीं दी जा सकती है।

साथ ही यह भी बताया कि स्वास्थ्य विभाग के सार्थक पोर्टल पर कोविड-19 से मरे व्यक्तियों की जानकारी दर्ज है। यह जानकारी विधानसभा प्रश्नों के अपूर्ण उत्तरों के पूर्ण उत्तर पुस्तक में दी गई है जोकि हाल के शीतकालीन विधानसभा सत्र में प्रस्तुत की गई है।