करणी सेना का 8 जनवरी जन आंदोलन जंबूरी मैदान से होते हुए बीते तीन दिनों से लगातार भोपाल के भेल चौराहे पर चल रहा था, जो अब खत्म हो गया है. 21 सूत्रीय मांगों में से 18 मांगों पर सरकार के साथ सहमति बन गई है. साथ ही आरक्षण, SC-ST एक्ट समेत तीन मांगों के लिए केंद्र सरकार से चर्चा की जाएगी.
बता दें कि 11 जनवरी की देर शाम सहकारिता मंत्री अरविंद भदौरिया करणी सेना प्रमुख जीवन सिंह शेरपुर से मिलने आंदोलन स्थल पर पहुंचे. यहां जीवन सिंह ने मंत्री भदौरिया को 21 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा. जिसके बाद मंत्री भदौरिया ने जूस पिलाकर जीवन सिंह समेत सभी लोगों का अनशन खत्म करवाया.
करणी सेना परिवार एवं सर्व समाज के प्रवक्ता शैलेंद्र सिंह राजपूत ने कहा कि 18 मांगों पर विचार के लिए तीन मंत्रियों समेत सीनियर अधिकारियों वाली एक उच्च स्तरीय कमेटी बनाई गई है. इसमें गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा, वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा और सहकारिता मंत्री अरविंद भदौरिया शामिल हैं. यह कमेटी 21 सूत्रीय मांगों की समीक्षा करेगी. साथ ही इस कमेटी में करणी सेना परिवार एवं सर्व समाज के लोग भी शामिल रहेंगे.
कमेटी इन मांगों पर विचार कर सरकार को एक रिपोर्ट पेश करेगी. जिसके बाद सरकार इन मांगों को दो महीने के भीतर ही लागू करेगी. जीवन सिंह शेरपुर ने साफ़ तौर पर कहा हैं कि अगर सरकार दो महीने के अंदर इन मांगों को लागू नहीं करती हैं तो फिर से आंदोलन शुरू किया जायेगा.
इन मांगों पर बनी सहमति-