यूपी चुनाव के एग्जिट पोल के बाद अब सबकी निगाहें नतीजों पर टिकीं हुई हैं। विधानसभा चुनाव का परिणाम कल, 10 मार्च को आएगा, लेकिन यूपी के कुछ नेताओं के लिए जीत या हार संवैधानिक तौर पर मायने नहीं रखती है, जानिए इसकी वजह क्या है..!

इन दिग्गज नेताओं में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से लेकर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य, बीजेपी और समाजवादी पार्टी के कई नेताओं के नाम शामिल हैं। अगर यह नेता यूपी विधानसभा चुनाव हार भी जाते है तो भी वह सम्माननीय रहेंगे क्योंकि उनमें से कुछ एमएलसी है तो कोई सांसद है। इस स्थिति में, उन्हें हारने की चिंता करने की ज़रूरत नहीं है, लेकिन यह चुनाव तय करेगा कि कौन सी स्थिति अधिक मान्य है।

सबसे पहले उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गोरखपुर सदर निर्वाचन क्षेत्र से इस चुनाव में उम्मीदवार बने थे। योगी आदित्यनाथ ने 2017 में विधानसभा चुनाव नहीं लड़ा था। ऐसे में मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने सितंबर 2017 में एमएलसी का चुनाव लड़ा और निर्विरोध जीत हासिल की। आपको बता दें, एमएलसी का कार्यकाल 6 साल का होता है इसलिए उनके पास माननीय के रूप में एक और साल बचा है। एग्जिट पोल की बात करें तो गोरखपुर सदर सीट से सीएम योगी के जीतने की बात कही जा रही है।

उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने भी 2017 का विधानसभा चुनाव नहीं लड़ा था। डिप्टी सीएम बनने के बाद उन्होंने एमएलसी का चुनाव लड़ा और जीत हासिल की। वह वर्तमान में कौशांबी जिले की सिराथू सीट से उम्मीदवार बने थे। उनकी जीत को लेकर भी सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं।

अखिलेश यादव और एसपी सिंह के बीच टक्कर :

भाजपा के वरिष्ठ नेता एसपी सिंह बघेल मैनपुर के करहल विधानसभा क्षेत्र से अखिलेश यादव के खिलाफ चुनाव लड़ रहे हैं। हालांकि नरेंद्र मोदी सरकार में केंद्रीय कानून राज्य मंत्री और आगरा के सांसद एसपी सिंह को इस चुनाव में जीत-हार का ज्यादा असर नहीं पड़ेगा। वहीं समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पहली बार विधानसभा चुनाव लड़ रहे हैं। अखिलेश ने मैनपुरी की करहल सीट से उम्मीदवारी दाखिल की थी। वर्तमान में अखिलेश यादव आजमगढ़ से सांसद हैं। अभी उनका यह पद भी बरकरार हैं। एग्जिट पोल में भी अखिलेश यादव की जीत पक्की मानी जा रही है।

आजम खान जेल में भी रहेंगे इज्जतदार :

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में आजम खान का नाम सपा ही नहीं बीजेपी नेताओं की जुबां पर भी रहा है। आजम खान फिलहाल जेल में बंद हैं। आजम खान जेल से रामपुर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। आजम खान भी रामपुर से सांसद हैं। अगर वह यूपी विधानसभा चुनाव में अपनी सीट हार जाते हैं, तो उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ेगा।