भोपाल: राज्य सरकार के वन विभाग ने तेंदूपत्ता संग्रहण में लगे परिवारों का मुखिया महिला को बनाने की योजना बनाई है जिससे नारी सशक्तीकरण किया जा सके। महिला मुखिया होने से तेंदूपत्ता संग्रहण के पारिश्रमिक की राशि सीधे महिला मुखिया के बैंक खाते में ऑनलाईन जायेगी।

उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार ने तेंदूपत्ता संग्रहण की दर को 3 हजार रुपये से बढ़ाकर 4 हजार रुपये प्रति मानक बोरा कर दिया है। इस निर्णय के परिणामस्वरूप प्रदेश में लगभग 708 करोड़ 80 लाख रुपये करोड़ रुपये पारिश्रमिक का भुगतान किया गया है। इससे महिलाओं को लगभग 344.5 करोड़ रुपये का सीधा लाभ हुआ है। संग्राहकों को कुल 132.42 करोड़ रुपये का बोनस भी वितरित किया गया है। इसमें महिला संग्राहकों का हिस्सा लगभग 64.36 करोड़ रुपये है। प्रदेश में कुल 40.8 लाख संग्राहकों में लगभग 19.8 लाख महिलाएं हैं। इस तरह महिलाओं की भागीदारी लगभग 48.6 प्रतिशत है। अब इन संग्राहक परिवारों की मुखिया महिला को बनाये जाने की योजना पर अमल प्रारंभ किया गया है। इसके अलावा, प्राथमिक वनोपज सहकारी समिति में उत्पादों के प्रसंस्करण हेतु महिलाओं के स्वसहायता समूह गठित करने की कार्यवाही भी चल रही है।