चुनावी साल में बदलते मौसम की तरह ही मध्यप्रदेश की सियासत भी कुछ अलग सी दिखाई देने लगी है. पुरानी पार्टी को अलविदा कहकर बीजेपी में आए सिंधिया पर कांग्रेस तो हमेशा हमलावर रहती ही हैं लेकिन इस बार तो दूसरे दल भी सिंधिया को ही घेरते हुए दिखाई दे रहे हैं.

बीजेपी-कांग्रेस की सियासी खींचतान के बीच विधानसभा चुनाव 2023 से पहले आम आदमी पार्टी तो अब बहुजन समाज पार्टी ने भी मैदान संभाल लिया है.

ज्योतिरादित्य सिंधिया का गढ़ माने जाने वाले ग्वालियर से BSP विधायक रामबाई ने सभी 230 सीटों पर चुनाव लड़ने की बात कहकर चुनावी माहौल को काफ़ी गर्म कर दिया हैं.

BSP ने एमपी में बसपा के संस्थापक कांशीराम की जयंती पर ग्वालियर, रीवा सहित कई स्थानों पर जनसभा का आयोजन किया. इस दौरान ग्वालियर में आयोजित जनसभा से BSP विधायक रामबाई ने विधानसभा चुनाव 2023 का आगाज करते हुए सिंधिया के खिलाफ ही मोर्चा खोल दिया.

ग्वालियर में जब रामबाई से पत्रकार ने पूछा गया कि ये तो सिंधिया का गढ़ है यहां पर बसपा कैसी जीतेगी? तो उन्होंने जवाब में मंच से सिंधिया पर हमला बोलते कहा कि सिंधिया ने कौन सी जनता के हितों के लिए पार्टी बदली, वो तो अपना हित देखकर दूसरी पार्टी में चले गए. ये सिंधिया का नहीं बल्कि जनता का गढ़ है. जब जनता करवट लेती है तो अच्छे अच्छों को धूल चटा देती है. उन्होंने आगे ये भी दावा किया कि ग्वालियर की जनता इस बार BSP के साथ जाएगी और BSP विधायकों को ज़रूर जिताएगी. साथ ही रामबाई ने बीजेपी पर टिकट वितरण में पैसे लेने का भी आरोप लगाया. 

इस बयान से यह तो साफ़ हैं कि जैसे-जैसे चुनावी मौसम नजदीक आता जायेगा वैसे-वैसे नेताओं की जुबानी जंग और तेज़ होती जाएगी. फ़िलहाल, इस चुनाव में विपक्ष सिंधिया के ज़रिये बीजेपी को घेरने के प्रयास में अभी से ही जुट गया हैं.